BALODABAZAR NEWS। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में फर्जी शैक्षणिक प्रमाण पत्र के जरिए सरकारी नौकरी हासिल करने के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। फर्जी D.Ed. अंकसूची के आधार पर नौकरी करने वाले सहायक शिक्षक रामेश्वर प्रसाद को निलंबित कर दिया गया है। कलेक्टर के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई है।

बताया जा रहा है कि रामेश्वर प्रसाद ने वर्ष 2011 में फर्जी D.Ed. अंकसूची के आधार पर शिक्षाकर्मी-3 के पद पर नौकरी हासिल की थी। इसके बाद वह लगातार नौकरी करता रहा। मामला करीब 11 साल बाद उस वक्त सामने आया, जब उन्होंने दोबारा D.Ed. की पढ़ाई की।

दोबारा D.Ed. करने पर खुला राज
जानकारी के मुताबिक, रामेश्वर प्रसाद ने बाद में दोबारा D.Ed. किया। इसी दौरान उनके पुराने शैक्षणिक प्रमाण पत्र को लेकर जांच हुई तो कथित फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ।

जांच में वर्ष 2011 में नौकरी के लिए लगाए गए D.Ed. अंकसूची पर सवाल उठे, जिसके बाद मामले की पड़ताल की गई। प्रमाण पत्र फर्जी पाए जाने के बाद प्रशासन ने कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की।
कलेक्टर के निर्देश पर निलंबन
मामले की जानकारी सामने आने के बाद कलेक्टर के निर्देश पर सहायक शिक्षक रामेश्वर प्रसाद को निलंबित कर दिया गया है। संबंधित विभाग अब पूरे मामले में आगे की कार्रवाई कर रहा है।

करीब 11 साल तक सरकारी सेवा में रहने के बाद फर्जी प्रमाण पत्र का मामला सामने आने से विभागीय स्तर पर भी सवाल उठ रहे हैं। अब जांच के आधार पर यह तय किया जाएगा कि नियुक्ति के दौरान फर्जी दस्तावेज किस तरह इस्तेमाल किए गए और इस मामले में आगे क्या कार्रवाई होगी।





































