Jaggi Murder Case बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में बहुचर्चित रामावतार जग्गी हत्याकांड केस की फाइल दोबारा खुलने के बाद अब कल गुरुवार, 2 अप्रैल को अंतिम सुनवाई होगी। चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस अरविंद वर्मा की स्पेशल डिवीजन बेंच में बुधवार को हुई सुनवाई के दौरान अमित जोगी के वकील ने कोर्ट को बताया कि उन्हें केस की पूरी फाइल उपलब्ध नहीं कराई गई है। लिहाजा, जवाब दाखिल करने के लिए समय दिया जाए।

अमित जोगी के वकील की इस मांग पर कोर्ट ने सीबीआई को तत्काल फाइल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए और जोगी के वकील को 24 घंटे के अंदर जवाब दाखिल करने को कहा।
Jaggi Murder Case सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर यह पुराना मामला छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में रिओपन हुआ है। इससे पहले हाईकोर्ट की डिवीजन बेंच ने दो साल पहले रामावतार जग्गी हत्याकांड के दोषियों की अपील खारिज कर दी थी और आजीवन कारावास की सजा बरकरार रखी थी। सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआई की अपील स्वीकार करते हुए मामले को हाईकोर्ट वापस भेज दिया, ताकि मामले की मेरिट पर विस्तार से सुनवाई हो सके।

Jaggi Murder Case बुधवार को हुई सुनवाई में अमित जोगी के वकील ने फाइल न मिलने की बात उठाई, जिसके बाद कोर्ट ने 1 अप्रैल को अंतिम सुनवाई तय की थी। अब कल इस मामले में सीबीआई, राज्य सरकार, अमित जोगी और अन्य पक्ष अपना-अपना पक्ष रखेंगे।

Jaggi Murder Case
4 जून 2003 को रायपुर में एनसीपी नेता रामावतार जग्गी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में राजनीतिक साजिश का आरोप लगा था। सीबीआई ने जांच के दौरान अमित जोगी समेत कई लोगों पर आरोप लगाए थे।

ट्रायल कोर्ट ने अमित जोगी को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया था, जबकि 28 अन्य आरोपियों को दोषी ठहराया गया और उन्हें आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी। हाईकोर्ट ने भी सजा बरकरार रखी थी। अब सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर पूरा मामला फिर से हाईकोर्ट में विचाराधीन है।





































