WASHINGTON NEWS. अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। अमेरिका ने ईरान में बड़े पैमाने पर एयरस्ट्राइक करते हुए करीब 140 सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार यह कार्रवाई होर्मुज क्षेत्र में साइप्रस के झंडे वाले एक कंटेनर जहाज पर हुए हमले के जवाब में की गई। इस हमले में जहाज में आग लग गई, इंजन क्षतिग्रस्त हो गया और चालक दल का एक सदस्य लापता बताया गया है।

एयरस्ट्राइक के कुछ समय बाद ईरान ने भी जवाबी कार्रवाई का दावा किया। ईरानी सरकारी प्रसारक IRIB के मुताबिक, ईरानी सेना ने कुवैत और बहरीन में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर ड्रोन हमले किए। ईरान का कहना है कि कुवैत में अमेरिकी पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम, गोला-बारूद डिपो और रडार साइट, जबकि बहरीन में अमेरिकी संचार प्रणाली और रडार ठिकानों को निशाना बनाया गया। हालांकि, अमेरिका, कुवैत और बहरीन की ओर से इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

ईरान के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई ने पहली बार सार्वजनिक बयान जारी करते हुए कहा कि उनके पिता अली खामेनेई और युद्ध में मारे गए लोगों के खून का बदला लिया जाएगा। उनके इस बयान को क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया है कि सैटेलाइट तस्वीरों से संकेत मिले हैं कि ईरान पारचिन समेत कुछ परमाणु ठिकानों की मरम्मत और पुनर्निर्माण का काम कर रहा है। वहीं, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने आरोप लगाया कि समझौते का उल्लंघन अमेरिका कर रहा है और किसी भी समझौते के सफल रहने के लिए दोनों पक्षों का उसका पालन करना जरूरी है।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि यदि ईरान उनकी हत्या की कोशिश करता है तो अमेरिका हजारों मिसाइलों से जवाब देगा। उन्होंने दावा किया कि ऐसी किसी भी स्थिति के लिए पहले से निर्देश जारी किए जा चुके हैं। ईरान ने कहा है कि होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही से जुड़े भविष्य के फैसले केवल ईरान और ओमान की आपसी सहमति से होने चाहिए। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने बताया कि मस्कट में दोनों देशों के प्रतिनिधियों के बीच सुरक्षा, समुद्री आवाजाही और संप्रभु अधिकारों पर चर्चा हुई। ईरान का कहना है कि सभी व्यवस्थाएं अंतरराष्ट्रीय कानून और दोनों देशों के बीच हुए समझौते के अनुरूप होनी चाहिए।

बहरीन में धुएं का वीडियो वायरल
ईरान के दावों के बीच सोशल मीडिया पर बहरीन स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डे से धुआं उठने के वीडियो सामने आए हैं। इससे पहले ईरान ने दावा किया था कि उसने बहरीन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर ड्रोन और मिसाइलों से हमला किया है। बहरीन में मिसाइल अलर्ट भी जारी किया गया और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई।ईरानी सेना ने अमेरिका से जून में हुए समझौते का पालन करने की मांग करते हुए कहा कि होर्मुज स्ट्रेट में अमेरिकी दखल और वैकल्पिक समुद्री मार्ग विकसित करने की कोशिश क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा है। सेना ने कहा कि ईरान अपने समुद्री अधिकारों और होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा के लिए हर आवश्यक कदम उठाएगा।

क्यों अहम है होर्मुज स्ट्रेट?
दुनिया के लगभग 20% कच्चे तेल की आपूर्ति इसी समुद्री मार्ग से होती है।
कतर समेत खाड़ी देशों की करीब 20% LNG (प्राकृतिक गैस) भी इसी रास्ते से वैश्विक बाजारों तक पहुंचती है।
इस मार्ग में किसी भी तरह की बाधा का सीधा असर वैश्विक ऊर्जा बाजार, तेल की कीमतों और समुद्री व्यापार पर पड़ सकता है।





































