BILASPUR NEWS. जिले के रतनपुर थाने में खाकी की दबंगई का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। अपने पुराने केस की जानकारी लेने थाने पहुंचे एक व्यक्ति की असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर (ASI) ने बेरहमी से पिटाई कर दी। आरोप है कि एएसआई ने पीड़ित को 15-20 थप्पड़ जड़े, जिससे उसके कान सुन्न हो गए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी ने आरोपी एएसआई को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है और उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई है।

रतनपुर के बनियापारा निवासी विनोद जायसवाल 12 अप्रैल की दोपहर करीब 2:30 बजे रतनपुर थाने पहुंचे थे। वे अपने एक पुराने परिवाद (केस) की प्रगति जानना चाहते थे। विनोद ने वहां मौजूद एएसआई दिनेश तिवारी से केस की डायरी और जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने का आग्रह किया।

पीड़ित का आरोप है कि इतनी सी बात पर एएसआई भड़क गए और गाली-गलौज शुरू कर दी। एएसआई ने चिल्लाते हुए कहा, बड़ा नेता बनता है, तेरी सारी नेतागिरी निकाल दूंगा, तुझे जेल भिजवा दूंगा। इसके बाद एएसआई ने थाने के अन्य स्टाफ के सामने ही विनोद को ताबड़तोड़ 15-20 थप्पड़ जड़ दिए। मारपीट की इस घटना में विनोद के कान में गंभीर चोट आई है और उन्हें सुनाई देने में दिक्कत हो रही है।

भ्रष्टाचार के भी आरोप
पीड़ित विनोद जायसवाल ने आरोप लगाया कि एएसआई दिनेश तिवारी जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने के बदले पैसों की मांग कर रहे थे। मांग पूरी न होने और बार-बार पूछताछ करने की वजह से उन्होंने इस वारदात को अंजाम दिया।

एसएसपी की सख्त कार्रवाई
घटना की जानकारी मिलते ही थाना प्रभारी और प्रशिक्षु आईपीएस अंशिका जैन ने एसएसपी रजनेश सिंह को रिपोर्ट सौंपी। एसएसपी ने मामले को अनुशासनहीनता का गंभीर मामला मानते हुए एएसआई दिनेश तिवारी को तत्काल सस्पेंड कर दिया। पीड़ित की शिकायत पर आरोपी एएसआई के खिलाफ रतनपुर थाने में ही धारा 296, 115(2), और 351(2) BNS के तहत मामला दर्ज किया गया है। मामले की निष्पक्ष जांच के लिए कोटा थाना प्रभारी निरीक्षक नरेश चौहान को विवेचना अधिकारी नियुक्त किया गया है।

हाईप्रोफाइल जुड़ाव
बताया जा रहा है कि पीड़ित विनोद जायसवाल पहले कोयला कारोबारी थे और पूर्व में रतनपुर नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष घनश्याम रात्रे के करीबी रहे हैं। वर्तमान में वे प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के करीबी और रिश्तेदार बताए जा रहे हैं।



































