अपने पत्र में इदरीस गांधी ने कहा कि सप्ताह में एक दिन विद्यार्थियों को बिना स्कूल बैग के स्कूल बुलाया जाए। इस दिन उन्हें केवल किताबों तक सीमित रखने के बजाय जीवनोपयोगी और व्यवहारिक गतिविधियों से जोड़ा जाए, ताकि उनका समग्र विकास हो सके। Read More





























Website security powered by MilesWeb

अमित बघेल की मुश्किलें और बढ़ीं, इन थानों में भी दर्ज हुआ मामला, महाराजा अग्रसेन और भगवान झूलेलाल पर टिप्पणी का मामला