RAIPUR NEWS. राजधानी के जोरा स्थित कृषि विश्वविद्यालय में आयोजित परीक्षा में कथित तौर पर अनुचित साधनों के इस्तेमाल का मामला सामने आया है। पेपर लीक की इस शिकायत के आधार पर तेलीबांधा पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) के साथ छत्तीसगढ़ सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम, 2008 की धाराएं लगाई गई हैं। पुलिस के मुताबिक, परीक्षा के दौरान अनुचित साधनों के इस्तेमाल की सूचना मिलने के बाद लिखित शिकायत प्राप्त हुई थी। इसके आधार पर 20 अगस्त 2026 की रात 9:57 बजे FIR नंबर 0360/2026 दर्ज की गई। घटना 20 अगस्त की सुबह करीब 8:38 बजे की बताई गई है।

मामले में छत्तीसगढ़ सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम, 2008 की धारा 4, 5 और 10 लगाई गई हैं। ये धाराएं परीक्षा में अनुचित साधनों के इस्तेमाल, इसके लिए उकसाने या साजिश तथा संस्थान या प्रबंधन से जुड़े मामलों में अनुचित साधनों को बढ़ावा देने से संबंधित हैं। इसके अलावा पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 316 भी लगाई है। पुलिस अब इस पहलू की भी जांच कर रही है कि मामले में किसी जिम्मेदार व्यक्ति या परीक्षा व्यवस्था से जुड़े कर्मचारी की भूमिका तो नहीं थी।

परीक्षा केंद्र में क्या हुआ, जांच से खुलेगा राज
फिलहाल पुलिस ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि परीक्षा के दौरान किस तरह के अनुचित साधनों का इस्तेमाल किया गया था। जांच टीम शिकायत में सामने आए तथ्यों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पूरे मामले की पड़ताल कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाएगी कि कथित धांधली में कितने लोग शामिल थे और क्या किसी परीक्षार्थी को अनुचित तरीके से मदद पहुंचाई गई थी।

FIR के बाद छात्रों और अभिभावकों की चिंता बढ़ी
परीक्षा में धांधली का मामला सामने आने के बाद परीक्षा की पारदर्शिता और व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, अभी पुलिस की जांच पूरी नहीं हुई है और आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। तेलीबांधा पुलिस ने मामले में जांच शुरू कर दी है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।






































