JALAUN NEWS: जालौन: उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के सिरसाकलार थाना क्षेत्र में पुलिस टीम पर हमले और सिपाहियों को बंधक बनाकर मारपीट करने के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। गिरफ्तार आरोपियों में तीन पुरुष और दो महिलाएं शामिल हैं। इनमें सफीक खान, मजीद खान और सलमान खान के नाम प्रमुख हैं। गिरफ्तारी के बाद तीनों पुरुष आरोपियों का थाने से बाहर लंगड़ाते हुए निकलने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

वांछित आरोपी की गिरफ्तारी के दौरान हुआ विवाद
पुलिस के अनुसार, सिरसाकलार थाना पुलिस एक एनसीआर से जुड़े मामले में वांछित चल रहे मजीद खान को गिरफ्तार करने के लिए उसके घर पहुंची थी। इसी दौरान आरोपी और उसके परिजनों ने पुलिस कार्रवाई का विरोध किया।

आरोप है कि मजीद खान ने अपने साथियों और परिवार के सदस्यों के साथ मिलकर पुलिस टीम पर हमला कर दिया। इस दौरान कोबरा टीम के सिपाहियों को कथित तौर पर बंधक बना लिया गया और उनके साथ मारपीट की गई। अचानक हुए हमले से मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

अतिरिक्त पुलिस बल ने संभाला मोर्चा
घटना की जानकारी मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और अतिरिक्त पुलिस बल को बुलाया गया। पुलिस ने अभियान चलाकर सफीक खान, मजीद खान, सलमान खान समेत कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, पुलिसकर्मियों पर जानलेवा हमला करने, बंधक बनाने और अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है।
#Jalaun: खाकी पर हमला करने वालों का विधिक हिसाब! वांछित मजीद को पकड़ने गई कोबरा टीम के सिपाही को बंधक बनाकर पीटने वाले तीन भाई— मजीद, रफ़ीक और सफ़ीक़ गिरफ्तार। हवालात से लंगड़ाते हुए बाहर आए आरोपी। पुलिस कप्तानों की बड़ी विधिक कार्रवाई। pic.twitter.com/lDMQJjJdX6
— Shubham Tripathi 📚📚 (@Shubham9250500) July 6, 2026
वायरल वीडियो पर पुलिस की चुप्पी
घटना के बाद सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें गिरफ्तार आरोपी थाने की हवालात से बाहर लंगड़ाते हुए दिखाई दे रहे हैं। हालांकि, इस वीडियो को लेकर पुलिस की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

एक सिपाही गंभीर रूप से घायल
पुलिस के अनुसार, इस हमले में एक सिपाही गंभीर रूप से घायल हुआ है। सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
पुलिस की सख्त चेतावनी
थाना प्रभारी वरुण प्रताप सिंह ने कहा कि पुलिस पर हमला करने या कानून-व्यवस्था में बाधा डालने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और सभी के विरुद्ध कानून के अनुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।





































