JANNGIR NEWS. जांजगीर-चांपा जिले के अंतर्गत आने वाले ग्राम अर्जुनी में गुरुवार दोपहर एक बेहद हृदयविदारक हादसा सामने आया है, जिसने पूरे इलाके को गहरे सदमे में डाल दिया है। गांव के स्कूल के पास स्थित तालाब में डूबने से एक ही परिवार की दो सगी मासूम बहनों की अकाल मौत हो गई। इस मर्मांतक घटना के बाद से पूरे गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है और पीड़ित परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

मिली जानकारी के अनुसार, गुरुवार दोपहर करीब 12:30 बजे दोनों बच्चियां अपनी दादी के साथ गांव के स्कूल के पास स्थित तालाब में नहाने गई थीं। तालाब के किनारे दादी कपड़े धोने में व्यस्त हो गईं, जबकि दोनों बहनें पास में ही खेल रही थीं। इसी दौरान खेलते-खेलते दोनों मासूम बच्चियां धीरे-धीरे तालाब के गहरे हिस्से की ओर चली गईं। पानी की गहराई और खतरे का अंदाजा न होने के कारण कुछ ही पलों में दोनों बहनें पानी में समा गईं।

ग्रामीणों ने मशक्कत के बाद निकाला बाहर
काफी देर तक जब दादी की नजर बच्चियों पर नहीं पड़ी, तो उन्होंने घबराकर आसपास उनकी तलाश शुरू की। बच्चियों का कहीं पता न चलने पर उन्होंने शोर मचाया, जिसे सुनकर बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने तत्काल तालाब में उतरकर खोजबीन शुरू की। काफी कड़ी मशक्कत के बाद दोनों बच्चियों को पानी से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।

डॉक्टरों ने किया मृत घोषित, अस्पताल में मची चीख-पुकार
ग्रामीणों की मदद से दोनों बहनों को तुरंत अकलतरा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले जाया गया। वहाँ डॉक्टरों ने गहन परीक्षण के बाद दोनों बच्चियों को मृत घोषित कर दिया। जैसे ही यह खबर अस्पताल परिसर में फैली, वहाँ मौजूद परिजनों की चीख-पुकार से माहौल अत्यंत गमगीन हो गया। मृत बच्चियों की पहचान अशोक रात्रे की बेटियों– मुस्कान रात्रे (9 वर्ष) और उसकी छोटी बहन श्रुति रात्रे (8 वर्ष) के रूप में हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि दोनों बच्चियां अपनी चंचलता और मासूमियत के कारण पूरे गांव की चहेती थीं।

पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस सहायता केंद्र कोटमीसोनार और अकलतरा थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुँची। पुलिस ने दोनों बच्चियों के शवों का पंचनामा तैयार कर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस प्रशासन द्वारा मर्ग कायम कर मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है। एक ही घर के दो चिरागों के अचानक बुझ जाने से अर्जुनी गांव में हर तरफ सिर्फ सन्नाटा और शोक की लहर है।





































