LAKHNOW NEWS. भारतीय जनता पार्टी की नेता और महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव के पति और समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के छोटे भाई प्रतीक यादव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आ गई है। रिपोर्ट में उनकी मौत की शुरुआती वजह ब्लड क्लॉटिंग और कार्डियक अरेस्ट बताई गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के मुताबिक, शरीर के निचले हिस्से में बना खून का थक्का ऊपर पहुंच गया, जिससे फेफड़ों की नसों में रुकावट पैदा हुई।

इसके बाद लंग्स में संक्रमण बढ़ा और अचानक दिल की धड़कन व सांस लेने की प्रक्रिया बंद हो गई। डॉक्टरों ने इसे कार्डियक अरेस्ट से हुई मौत बताया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि फेफड़ों की नसों में खून का थक्का जमने से शरीर में ऑक्सीजन सप्लाई बाधित हो गई थी। जांच के दौरान डॉक्टरों ने दिल और फेफड़ों से जुड़े कुछ नमूनों को सुरक्षित रखा है। साथ ही विसरा को रासायनिक परीक्षण के लिए संरक्षित कर पुलिस को सौंप दिया गया है।

रिपोर्ट में यह भी उल्लेख है कि शरीर पर मिले सभी चोट के निशान मौत से पहले के थे। बता दें कि 13 मई 2026 की सुबह 38 वर्षीय प्रतीक यादव की तबीयत बिगड़ने पर उन्हें लखनऊ के सिविल अस्पताल ले जाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सिविल अस्पताल के निदेशक जीसी गुप्ता के अनुसार, अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो चुकी थी।

निधन की सूचना मिलते ही अखिलेश यादव किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी के मॉर्चरी हाउस पहुंचे। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा, “वह बहुत अच्छा था। मैंने प्रतीक से पहले भी कहा था कि अपनी सेहत का ख्याल रखें।

सूत्रों के मुताबिक, 30 अप्रैल को प्रतीक को गंभीर हालत में लखनऊ के निजी हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। 3 दिन बाद उन्हें थोड़ा आराम मिला। इसके बाद वे अस्पताल से बिना छुट्टी के घर चले गए थे। प्रतीक मुलायम सिंह यादव की दूसरी पत्नी साधना गुप्ता के बेटे थे। अपर्णा इस वक्त उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष हैं।




































