Tirandaj.com यह तो हम सभी जानते है कि लड़कों की दाढ़ी-मूंछ उम्र बढ़ने के साथ-साथ आने लगती है। लेकिन ह्यूमन ग्रोथ हार्मोन की कमी होने पर यह ग्रोथ रुक जाती है। लेकिन आज हम लड़कों की नहीं लड़कियों की दाढ़ी-मूंछ के बारे में बताने जा रहे हैं। हाल ही में एक एक महिला की दाढ़ी-मूंछ आने का मामला सामने आया है। लोग इसे ‘बियर्ड लेडी’ के नाम से जानते है। महिलाओं में आमतौर पर ऐसा हार्मोंस इम्बैलेंस कि वजह से होता है।
जानकारी के अनुसार दाढ़ी वाली महिला का नाम परफॉर्मर डकोटा कुके (Performer Dakota Cooke) है। यूएस के लास वेगास की रहने वाली 30 साल की परफॉर्मर को दिन में दो बार शेविंग करती थीं। उसने ने बताया कि जब वह 13 साल की थीं तब से उसको दाढ़ी आनी शुरू हो गई थी। इस वजह से वो डिप्रेशन में रहने लगी थी। शुरू-शुरू में वो वैक्स और शेविंग से बाल हटाया करती थीं। चेहरे पर बार-बार शेविंग करने कि वजह से चेहरे पर निशान बन गए और लाल रहने लगा। फिलहाल उसने शेव और वैक्स दोनों ही करना बंद कर दिया है।
परफॉर्मर ने बताया कि 2015 में उसकी एक दोस्त ने उसे सर्कस में एक दाढ़ी वाली महिला के बारे में बताया था। तब वो उस महिला से मिलने गई थी। इसके बाद से ही उसने रेजर और वैक्सिंग को छोड़ने और अपने चेहरे के बालों को बढ़ने देने का फैसला किया था।










डॉक्टर्स के मुताबिक, किसी महिला के चेहरे पर दाढ़ी का आना उसके शरीर में टेस्टोस्टेरोन के हाई लेवल के कारण हो सकता है। पुरुषों के शरीर में जहां मोटे बाल होते है महिलाओं के भी उन्हीं जगह पर बाल आ जाते है। इस कंडिशन को मेडिकली भाषा में हिर्सुटिज्म (Hirsutism) कहते हैं। महिलाओं के शरीर में फीमेल हॉर्मोन के कम हो जाने या फिर मेल हॉर्मोन के बढ़ने से कई जगहों पर अनचाहे बाल आ जाते हैं। साथ ही महिलाओं कि आवाज भारी हो जाती है। भूमध्यसागरीय, हिस्पैनिक, दक्षिण एशियाई या मध्य पूर्व के रहने वाली महिलाओं में इस तरह की कंडिशन अधिक देखी जाती है।






























