RAIPUR NEWS. छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के ग्रामीण इलाके में पुलिस ने जुए के एक बड़े फड़ पर छापेमार कार्रवाई की है। खरोरा थाना क्षेत्र के सारागांव में जंगल के भीतर संचालित इस अड्डे पर पुलिस ने दबिश देकर 13 जुआरियों को गिरफ्तार किया। मौके से 3 लाख 48 हजार 820 रुपये नकद समेत कुल 11 लाख 53 हजार 820 रुपये का सामान जब्त किया गया है। वहीं, जुए के फड़ का कथित मुख्य सरगना उमेश साहू फरार बताया जा रहा है।
जंगल में इमरजेंसी लाइट लगाकर चल रहा था जुआ
पुलिस के मुताबिक, सारागांव के जंगल में जुए का फड़ संचालित किया जा रहा था। हैरानी की बात यह है कि अंधेरे में जुआ खेलने के लिए वहां इमरजेंसी लाइट की व्यवस्था भी की गई थी। पुलिस ने मौके पर कार्रवाई करते हुए 13 लोगों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में रायपुर, बिलासपुर और बलौदाबाजार जिले के निवासी शामिल हैं।
नकदी, ताश के पत्ते और वाहन जब्त
छापेमारी के दौरान पुलिस ने 3 लाख 48 हजार 820 रुपये नकद और ताश की 52 पत्तियां जब्त कीं। इसके अलावा जुए के अड्डे पर रोशनी के लिए इस्तेमाल किए जा रहे 12 वोल्ट के कन्वर्टर, इमरजेंसी बल्ब, लाइट स्टैंड और बैटरी भी बरामद की गई।
कार्रवाई में एक हुंडई वेन्यू कार, सात मोटरसाइकिल और एक स्कूटी भी जब्त की गई है। पुलिस के अनुसार, नकदी, वाहनों और अन्य सामग्री समेत जब्त मशरूके की कुल कीमत 11 लाख 53 हजार 820 रुपये है।
कथित मुख्य सरगना उमेश साहू फरार
इस मामले में कथित मुख्य सरगना उमेश साहू पुलिस की कार्रवाई के दौरान फरार हो गया। बताया जा रहा है कि उमेश साहू सारागांव का पूर्व उप सरपंच रह चुका है। फिलहाल, पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।
जुए के फड़ से जुड़े अन्य लोगों की भी होगी जांच
पुलिस ने मामले में जुआ एक्ट और संगठित अपराध से संबंधित प्रावधानों के तहत एफआईआर दर्ज की है। अब जांच के दौरान यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि जंगल के भीतर चल रहे इस जुए के फड़ में और कौन-कौन लोग शामिल थे। साथ ही फरार आरोपी उमेश साहू की गिरफ्तारी के प्रयास भी किए जा रहे हैं।




































