NEW DELHI NEWS. प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक और अनुचित साधनों के इस्तेमाल पर लगाम कसने के लिए केंद्र सरकार ने कानून को और सख्त करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। लोकसभा ने बुधवार को ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026’ को ध्वनि मत से पारित कर दिया। विधेयक पर मंगलवार को करीब नौ घंटे तक चर्चा हुई। बुधवार को विपक्ष के हंगामे के बीच इसे मंजूरी दी गई।

संशोधन के बाद पेपर लीक, परीक्षा में धांधली और अनुचित साधनों से जुड़े मामलों में दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का प्रावधान किया गया है। प्रस्तावित प्रावधानों के तहत गंभीर मामलों में अधिकतम 10 साल तक की जेल और ₹10 करोड़ तक के जुर्माने का प्रावधान है।


पेपर लीक से लेकर परीक्षा में धांधली तक, सख्त कार्रवाई
नए प्रावधानों का उद्देश्य प्रतियोगी परीक्षाओं की पारदर्शिता बनाए रखना और पेपर लीक जैसे मामलों में शामिल लोगों पर प्रभावी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करना है। कानून के दायरे में परीक्षा प्रक्रिया को प्रभावित करने वाले अनुचित साधनों और पेपर लीक जैसी गतिविधियों को लाने पर जोर दिया गया है।

राज्यसभा में वंदे मातरम् से जुड़ा विधेयक भी मंजूर
इसी बीच राज्यसभा में ‘वंदे मातरम्’ के अपमान को दंडनीय अपराध बनाने से जुड़े संशोधित विधेयक को भी मंजूरी दिए जाने की जानकारी सामने आई है। इसके तहत राष्ट्रगीत के अनादर या अपमान के मामलों में कानूनी कार्रवाई का प्रावधान किया गया है।






































