NEW DELHI NEWS. WhatsApp अपने करोड़ों यूजर्स की अकाउंट सुरक्षा को और मजबूत बनाने की तैयारी में है। कंपनी लंबे समय से इस्तेमाल हो रहे Two-Step Verification सिस्टम में बड़ा बदलाव करने पर काम कर रही है। नई व्यवस्था में 6 अंकों वाले PIN की जगह एक डेडिकेटेड पासवर्ड दिया जाएगा, जिससे अकाउंट की सुरक्षा पहले से अधिक मजबूत हो सकती है। WhatsApp अपने टू-स्टेप वेरिफिकेशन सिस्टम का नया वर्जन विकसित कर रही है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इसमें मौजूदा 6-डिजिट PIN को हटाकर ऐसा पासवर्ड इस्तेमाल किया जाएगा, जिसमें अक्षर, अंक और अन्य कैरेक्टर शामिल किए जा सकेंगे। इससे पासवर्ड अधिक जटिल होगा और साइबर हमलावरों के लिए इसे तोड़ना पहले की तुलना में काफी कठिन हो जाएगा। नए सिस्टम में यूजर कोई भी साधारण पासवर्ड नहीं रख पाएंगे।

यदि WhatsApp को लगेगा कि बनाया गया पासवर्ड पर्याप्त मजबूत नहीं है, तो उसे सेव करने की अनुमति नहीं मिलेगी। इससे कमजोर पासवर्ड के कारण अकाउंट हैक होने का खतरा काफी हद तक कम किया जा सकेगा। नई सुरक्षा व्यवस्था मौजूदा लॉग-इन प्रक्रिया के साथ ही काम करेगी। सबसे पहले यूजर को SMS के जरिए अपना मोबाइल नंबर सत्यापित करना होगा। इसके बाद उन्हें नया पासवर्ड बनाने का विकल्प मिलेगा, जो टू-स्टेप सुरक्षा की अतिरिक्त परत के रूप में काम करेगा।

जैसे अभी Two-Step Verification को अपनी इच्छा से चालू या बंद किया जा सकता है, वैसे ही नया Password Authentication System भी वैकल्पिक (Optional) रहने की संभावना है। यानी जो यूजर इसे इस्तेमाल करना चाहेंगे, वही इसे सक्रिय करेंगे। जो लोग अभी टू-स्टेप वेरिफिकेशन का उपयोग नहीं करते हैं, उनके लिए इस बदलाव का तत्काल कोई असर नहीं होगा।

फिलहाल यह फीचर डेवलपमेंट स्टेज में है। माना जा रहा है कि आने वाले हफ्तों में WhatsApp इसे टेस्टिंग के बाद चरणबद्ध तरीके से यूजर्स के लिए जारी कर सकता है। कुछ समय पहले WhatsApp ने फोन नंबर की जगह यूजरनेम आधारित पहचान की तैयारी भी शुरू की थी। हालांकि, विवाद के बाद उस फीचर को फिलहाल रोक दिया गया। सरकार ने आशंका जताई थी कि यूजरनेम सिस्टम का दुरुपयोग कर साइबर ठगी और पहचान छिपाकर अपराध के मामले बढ़ सकते हैं, जिसके बाद उसके रोलआउट पर रोक लगा दी गई।



































