छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में शनिवार को डी-माइनिंग अभियान के दौरान एक दर्दनाक हादसा हो गया। थाना छोटेबेठिया क्षेत्र में नारायणपुर सीमा के पास सर्च ऑपरेशन के दौरान आईईडी (इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस) में विस्फोट हो गया, जिसकी चपेट में आकर डीआरजी (डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड) के चार जवान घायल हो गए।
घटना में गंभीर रूप से घायल तीन जवान इंस्पेक्टर सुखराम वट्टी, कॉन्स्टेबल कृष्णा कोमरा और कॉन्स्टेबल संजय गढ़पाले ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। वहीं, एक अन्य घायल जवान कॉन्स्टेबल परमानंद कोमरा को बेहतर इलाज के लिए आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, पुलिस टीम क्षेत्र में डी-माइनिंग, एरिया डॉमिनेशन और सर्च ऑपरेशन के लिए रवाना हुई थी। इसी दौरान आईईडी को निष्क्रिय करने की प्रक्रिया में अचानक विस्फोट हो गया।
बस्तर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पट्टिलिंगम ने बताया कि पिछले कुछ महीनों में आत्मसमर्पित माओवादी कैडरों से मिली जानकारी और अन्य इनपुट के आधार पर सुरक्षा बलों ने सैकड़ों आईईडी बरामद कर निष्क्रिय किए हैं। बावजूद इसके, यह घटना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है, जिसमें तीन जवानों को अपनी जान गंवानी पड़ी।



































