BILASPUR NEWS. रतनपुर थाना क्षेत्र के लछनपुर स्थित चचई डैम में रविवार को पिकनिक के दौरान एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। डूबते बच्चे की जान बचाने के लिए अपनी जिंदगी दांव पर लगाने वाले 20 वर्षीय युवक की पानी में डूबने से मौत हो गई। युवक ने साहस और मानवता की मिसाल पेश करते हुए बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन खुद गहरे पानी और तेज बहाव की चपेट में आकर जिंदगी की जंग हार गया।

जानकारी के अनुसार, बिलासपुर के जरहाभाठा मंदिर चौक क्षेत्र से करीब 10 से 15 युवकों का समूह रविवार को पिकनिक मनाने रतनपुर के लछनपुर स्थित चचई डैम पहुंचा था। डैम में कुछ युवक नहा रहे थे, तभी एक बच्चा अचानक गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। बच्चे को बचाने के लिए आसपास मौजूद लोग घबरा गए।

धीरज ने दिखाई बहादुरी, बच्चे को पीठ पर लादकर बचाया
इस दौरान जरहाभाठा जतिया तालाब के पास रहने वाले 20 वर्षीय धीरज रात्रे ने बिना एक पल गंवाए डैम में छलांग लगा दी। धीरज किसी तरह डूब रहे बच्चे तक पहुंचा और उसे अपनी पीठ पर लादकर सुरक्षित किनारे तक ले आया। बच्चे की जान बच गई, लेकिन इस संघर्ष में धीरज खुद पानी की गहराई और तेज बहाव में फंस गया। देखते ही देखते वह पानी में ओझल हो गया।

दो घंटे चला रेस्क्यू, शव निकलते ही पसरा मातम
घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। साथियों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद रतनपुर और कोटा पुलिस मौके पर पहुंची। स्थानीय गोताखोरों और ग्रामीणों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद धीरज का शव पानी से बाहर निकाला गया।

रोते-बिलखते परिजन, इलाके में शोक की लहर
धीरज की मौत की खबर मिलते ही परिवार और दोस्तों में मातम छा गया। जिस बच्चे को उसने बचाया, वह पूरी तरह सुरक्षित बताया जा रहा है। पुलिस ने मर्ग कायम कर पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। धीरज की बहादुरी और बलिदान की चर्चा पूरे क्षेत्र में हो रही है, वहीं जरहाभाठा इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है।




































