RAIPUR NEWS. जमाअत रज़ा ए मुस्तफा छत्तीसगढ़ और मुस्लिम समाज के लोगों ने प्रदेशभर में उर्स के दौरान डीजे, ढोल और नाच-गानों के साथ होने वाले हुड़दंग का विरोध जताया है। इस संबंध में समाज के प्रतिनिधियों ने वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष सलीम राज को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की।

मुस्लिम समाज के लोगों का कहना है कि धार्मिक आयोजनों में इस तरह की गतिविधियां समाज की परंपराओं और मर्यादाओं के खिलाफ हैं। उन्होंने हुड़दंग करने वालों और नियमों का उल्लंघन करने वाली कमेटियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।

मामले को गंभीरता से लेते हुए वक्फ बोर्ड अध्यक्ष सलीम राज ने उर्स के दौरान डीजे-ढोल के साथ संदल और चादर निकालने पर रोक लगाने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वाली कमेटियों के पदाधिकारियों को पदमुक्त किया जाएगा और उन पर 51 हजार रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकता है।

इसके साथ ही सलीम राज ने ऐसी घटनाओं पर रोक लगाने के लिए प्रदेश के हर जिले में तीन-तीन सदस्यीय निगरानी टीम नियुक्त करने की बात कही।

ज्ञापन सौंपने वालों में जमाअत रज़ा ए मुस्तफा छत्तीसगढ़ के जनरल सेक्रेटरी अरमान मेमन, केशकाल ब्रांच के सदर अख्तर मेमन, सैफर रज़ा, आरिफ समेत प्रदेश के कई शहरों के पदाधिकारी और सदस्य शामिल रहे।



































