मामले की सुनवाई चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रवींद्र कुमार अग्रवाल की डिवीजन बेंच में हुई। कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्रालय को भी पक्षकार बनाने का निर्देश दिया है। Read More
घटना के विरोध में मृतक के परिजनों और समाज के लोगों का आक्रोश लगातार बना हुआ है। सोमवार को अंबेडकर चौक से नूतन चौक तक रैली निकालने के बाद बड़ी संख्या में लोग बाल संप्रेक्षण गृह के सामने धरने पर बैठ गए। प्रदर्शनकारियों ने मृतक के परिवार को एक करोड़ रुपये का मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग उठाई। Read More