GWALIOR NEWS. ग्वालियर में सराफा व्यवसायी महावीर जैन की दुकान पर सोमवार को 5-6 नकाबपोश बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग की। घटना करीब 33 सेकंड तक चली जिसमें दुकान में मौजूद कारोबारी महावीर जैन के बेटा आकाश जैन ने कुर्सी के पीछे छिपकर अपनी जान बचाई। गोलीबारी में आगरा के कैटर गुड्डू जैन गंभीर रूप से घायल हो गए।

जमीन के कब्जे को लेकर पुरानी दुश्मनी
आकाश ने बताया कि पिछले आठ सालों से बड़ागांव में उनकी जमीन पर कब्जा करने की कोशिश हो रही है। कपिल यादव और उसके परिवार वाले उनके परिवार को जान से मारने की धमकी देते आए हैं। कपिल यादव को पुलिस ने सोमवार को एक शार्ट एनकाउंटर में पकड़ा था। इसके बाद बदमाशों ने इसका बदला लेने के लिए गोलीबारी रची।
दुकान में एक मिनट तक फायरिंग
पुलिस ने दुकान के CCTV फुटेज हासिल किए हैं, जिसमें फायरिंग का नजारा साफ देखा जा सकता है। नकाबपोश बदमाश दुकान में लगभग एक मिनट तक ठहरे और तीन गोलियां चलाईं। पहली गोली चलाते ही आकाश जैन कुर्सी के पीछे छिप गया, इसके बाद दो गोलियां और चलीं जिनमें एक गोली के छर्रे से गुड्डू जैन घायल हुए।

करोड़ों की संपत्ति बनी दुश्मनी का कारण
महावीर जैन ने करीब आठ साल पहले बड़ागांव में जमीन खरीदी थी, जिसकी कीमत उस वक्त लाखों में थी। दो साल बाद जमीन की कीमत करोड़ों में पहुंच गई, जिससे कपिल यादव और उसके परिवार की नजर उस पर खराब हो गई। जमीन के कारण दो पक्षों के बीच वर्षों से तनाव और हिंसा होती आई है।
पुलिस की गिरफ्त से दूर हैं बदमाश
एसएसपी ग्वालियर धर्मवीर सिंह के नेतृत्व में पुलिस ने पूरे शहर में नाकाबंदी कर बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी है। पुलिस को सूचना मिली कि बदमाश सदर बाजार से बारादरी चौराहा होते हुए हाइवे की तरफ भागे। पुलिस की घेराबंदी के दौरान जौरासी घाटी में बदमाशों के साथ फायरिंग भी हुई।

दोस्त ले गया था बाइक
पुलिस ने बदमाशों को बाइक छोड़कर जंगलों में भागते देखा। पुलिस ने बाइक के नंबर के आधार पर उसकी पतासाजी की। यह पता चला कि बंधोली गांव के रहने वाले अनिल कुशवाह के नाम दर्ज थी। अनिल के घर जाकर पता चला कि बाइक उसका दोस्त कालू शर्मा ले गया था।

व्यापारियों का गुस्सा, बाजार बंद
गोलीबारी की घटना के विरोध में सोमवार दोपहर से मुरार सदर बाजार के सारे सराफा व्यापारी बाजार बंद करके विरोध स्वरूप ‘ग्वालियर पुलिस मुर्दाबाद’ के नारे भी लगाए। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए कई प्रयास किए, लेकिन व्यापारियों का आक्रोश रात तक जारी रहा और बाजार बंद रहा।




































