RAIPUR. जिले के किसान को दो लाख 66 हजार रुपये की सब्सिडी दिलाने के एवज में उद्यानिकी विभाग का अफसर एक लाख 33 हजार रुपये का रिश्वत मांग रहा था। इसके लिए वह किसान के घर भी चला गया। लेकिन, किसान ने भी चालाकी दिखाई और अफसर के पैसे मांगने का वीडियाे बना लिया। अब अफसर को जेल की हवा खानी पड़ेगी।
दरअसल, किसान ने टमाटर की फसल लेने के लिए शासन की ओर से चलाई जा रही राज्य पोषित योजना के तहत सब्सिडी पाने के लिए उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी विभाग में आवेदन दिया था। इसके तहत उसे दो लाख 66 हजार रुपये मिलते। इस बीच वरिष्ठ उद्यानिकी अधिकारी परमजीत सिंह गुरुदत्ता ने रिश्वत के रूप में आधा पैसा यानी एक लाख 33 हजार रुपये की मांग की। मजबूरीवश किसान को हामी भरनी पड़ी।
बाद में किसान का आवेदन स्वीकृत हो गया और उसके खाते में रकम भी जमा हो गई। इसके बाद उद्यान अधिकारी ने पैसे की मांग शुरू कर दी। फिर एक दिन वह किसान के घर ही जा धमका। किसान को उसे एक लाख 33 हजार रुपये देने पड़े। लेकिन, इस बीच किसान ने भी सूझबूझ का परिचय देते हुए अधिकारी परमजीत सिंह का पैसा लेते हुए वीडिया बना लिया, जिसकी उसे भनक तक नहीं लगी।
किसान ने पूरे मामले की शिकायत एंटी करप्शन ब्यूराे (एसीबी) में कर दी। साथ ही सबूत के तौर पर वीडियो भी पेश किया जिसमें अधिकारी रिश्वत लेते स्पष्ट दिख रहा था। एसीबी के डीआईजी आरिफ शेख के निर्देश पर मामले की जांच की गई और शिकायत सही पाए जाने पर उद्यानिकी अधिकारी परमजीत सिंह गुरुदत्ता को रिश्वतखोरी के मामले में गिरफ्तार कर लिया गया है।
रिश्वत मांगे अफसर तो सीधे करें शिकायत
भ्रष्टाचार पर नकेल कसने के लिए ही एंटी करप्शन ब्यूराे और ईओडब्ल्यू का गठन किया गया है, जहां शिकायत करने और साक्ष्य पेश करने पर रिश्वतखोर अधिकारी-कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाती है। इसके लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया गया है। इसके तहत नंबर- 1064 और वाट्सएप नंबर 8839345690 जारी किया गया है। इसके अलावा मेल आईडी भी जारी की गई है। साथ ही छत्तीसगढ़ी भाषा में भी वेबसाइट बनाई गई है, ताकि गांव-गांव के लोग आसानी से शिकायत कर सकें।





































