JHANSI NEWS.उत्तर प्रदेश के झांसी में 28 वर्षीय महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। बरुआसागर थाना क्षेत्र के लक्ष्मणपुरा गांव में रहने वाली गायत्री यादव ने कथित तौर पर जहर खा लिया था। इलाज के दौरान मेडिकल कॉलेज में उसकी मौत हो गई। घटना से पहले महिला ने अपनी बड़ी बहन को फोन कर 6 साल के बेटे को संभालने की बात कही थी। इसके कुछ देर बाद उसने मां को फोन कर तबीयत बिगड़ने की जानकारी देते हुए बचाने की गुहार लगाई। महिला के मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर प्रताड़ना और मारपीट के आरोप लगाए हैं। वहीं, पति ने इन आरोपों को खारिज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

बहन से कहा- मेरे बेटे को इनके पास मत छोड़ना
गायत्री यादव की शादी वर्ष 2018 में लक्ष्मणपुरा निवासी अनूप यादव से हुई थी। दंपती का 6 साल का एक बेटा है। गायत्री के पति क्रेशर पर काम करते हैं। मृतका की बड़ी बहन प्रज्ञा यादव के मुताबिक, रविवार दोपहर करीब 3 से 3:30 बजे के बीच उनकी बहन से बातचीत हुई थी। इसके बाद शाम करीब 5:55 बजे दोबारा फोन पर बात हुई।

प्रज्ञा का कहना है कि बातचीत के दौरान गायत्री ने बताया कि ससुराल में झगड़ा हो रहा है। उसने अपने बेटे को ससुराल वालों के पास नहीं छोड़ने और उसे अपनी बहन या नानी के पास रखने की बात कही। बहन ने उसे समझाने की कोशिश की और वहां आने के बारे में पूछा, लेकिन गायत्री ने मना कर दिया।

मां को फोन कर कहा- मम्मी, बचा पाओ तो बचा लो
परिजनों के मुताबिक, बहन से बातचीत के करीब 10 मिनट बाद गायत्री ने अपनी मां कमेश्वरी को फोन किया। उसने बताया कि उसने जहर खा लिया है और उसकी तबीयत बिगड़ रही है। मां ने उसे बचाने की कोशिश करने की बात कही, लेकिन इसके बाद फोन कट गया। परिजन जब घर पहुंचे तो गायत्री वहां नहीं मिली। आरोप है कि बाद में फोन करने पर भी संपर्क नहीं हो पाया। परिवार के लोग अस्पतालों में तलाश करते हुए मेडिकल कॉलेज पहुंचे, जहां गायत्री का इलाज चल रहा था। सोमवार को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मायके पक्ष ने लगाए प्रताड़ना और मारपीट के आरोप
गायत्री की मां कमेश्वरी और बड़ी बहन प्रज्ञा ने आरोप लगाया कि शादी के बाद से ही उसे ससुराल में परेशान किया जाता था। परिजनों का दावा है कि गायत्री को खाने-पीने तक को लेकर परेशानी होती थी और उसके साथ मारपीट भी की जाती थी। मां के मुताबिक, घटना वाले दिन सास की बहन घर आई थीं। घर में सब्जी नहीं होने की बात पर विवाद शुरू हुआ। परिजनों का आरोप है कि इसी दौरान पति और ससुराल पक्ष के लोगों ने गायत्री के साथ झगड़ा किया। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
पति ने आरोपों को बताया बेबुनियाद
गायत्री के पति अनूप यादव ने मायके पक्ष के आरोपों को खारिज किया है। उनका कहना है कि घटना के दिन वह मजदूरी करने गए थे। उनके मुताबिक, पत्नी ने फोन कर तबीयत खराब होने की जानकारी दी, जिसके बाद वह उसे मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे। अनूप ने दावा किया कि गायत्री अस्पताल तक चलकर पहुंची थी, लेकिन बाद में उसकी तबीयत बिगड़ गई। उन्होंने मारपीट और प्रताड़ना के आरोपों को गलत बताते हुए कहा कि उन्हें समझ नहीं आ रहा कि पत्नी ने जहर क्यों खाया।
पुलिस ने शुरू की मामले की जांच
बरुआसागर थाना प्रभारी प्रकाश सिंह के मुताबिक, शुरुआती जांच में गायत्री यादव की मौत जहर खाने से होने की बात सामने आई है। पुलिस ने पंचनामा की कार्रवाई के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया है। थाना प्रभारी के अनुसार, अभी तक परिजनों की ओर से लिखित शिकायत नहीं मिली है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।





































