MANEDRAGARH NEWS. कोरिया जिले के सोनहत (नौगई) में हुए चर्चित तिहरे हत्याकांड के बाद प्रदेश की राजनीति में नया विवाद खड़ा हो गया है। आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात करते हुए प्रदेश सरकार के मंत्री के एक बयान को लेकर विपक्ष ने सवाल उठाए हैं।

सोनहत हत्याकांड के आरोपियों की गिरफ्तारी और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी देते हुए मंत्री गजेंद्र यादव ने कहा कि छत्तीसगढ़ में किसी भी कीमत पर गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बयान के दौरान उन्होंने बिहार का भी उल्लेख किया, जिसके बाद राजनीतिक बहस तेज हो गई।

मंत्री के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए पूर्व विधायक ने सोशल मीडिया के माध्यम से सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब बिहार में भाजपा गठबंधन की सरकार है, तब छत्तीसगढ़ की तुलना बिहार से किए जाने का क्या औचित्य है। पूर्व विधायक गुलाब कमरो ने मंत्री के बयान को विरोधाभासी बताते हुए सरकार की कानून-व्यवस्था और प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े किए।
पूर्व विधायक ने आरोप लगाया कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक है और सरकार को राजनीतिक बयानबाजी के बजाय जमीनी समस्याओं पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने शिक्षा विभाग का भी उल्लेख करते हुए कहा कि स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं की कमी बनी हुई है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि मंत्री के बयान ने अनायास ही एक नई बहस को जन्म दे दिया है। विपक्ष इसे सरकार की कथनी और करनी के बीच विरोधाभास के रूप में पेश कर रहा है, जबकि सत्ता पक्ष कानून-व्यवस्था को लेकर अपनी प्रतिबद्धता दोहरा रहा है।

सोनहत तिहरे हत्याकांड को लेकर पहले से राजनीतिक माहौल गर्म है। ऐसे में मंत्री के बयान के बाद यह मामला कानून-व्यवस्था के मुद्दे से आगे बढ़कर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का विषय बन गया है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सियासी बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।

बता दें की सोनहत हत्याकांड के आरोपियों की गिरफ्तारी और उनके मकानों को जमींदोज करने की चेतावनी देते हुए मंत्री गजेंद्र यादव ने मीडिया के सामने कहा:
“बिहार में भाजपा की सरकार है। भाजपा के सम्राट चौधरी मुख्यमंत्री हैं और वे मीडिया से बातचीत करते हुए यह कह रहे हैं कि छत्तीसगढ़ को हम किसी भी सूरत में बिहार नहीं बनने देंगे। बिहार तो अब बहुत डेवलप हो गया है। मतलब गुंडागर्दी हम करने नहीं देंगे।”





































