BILASPUR NEWS. प्रदेश में अग्निशमन सेवाओं को मजबूत करने के लिए 124 करोड़ रुपये की लागत से दमकल वाहनों की खरीदी का रास्ता साफ हो गया है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के हस्तक्षेप के बाद राज्य सरकार ने राशि खर्च करने की समय-सीमा 31 मार्च 2027 तक बढ़ा दी है। सुनवाई के दौरान राज्य के वित्त सचिव ने इस संबंध में शपथपत्र प्रस्तुत कर हाईकोर्ट को जानकारी दी।

मामले की सुनवाई चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रवींद्र अग्रवाल की डिवीजन बेंच में हुई। इससे पहले 19 अगस्त को जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने 124 करोड़ रुपये की खरीदी प्रक्रिया में हो रही देरी पर कड़ी नाराजगी जताते हुए वित्त सचिव से जवाब तलब किया था।
टेंडर में देरी से खत्म हो गई थी पुरानी समय-सीमा
वित्त सचिव ने अपने शपथपत्र में बताया कि दमकल वाहनों की खरीदी के लिए टेंडर प्रक्रिया में देरी होने के कारण निर्धारित अवधि में राशि खर्च नहीं की जा सकी और पूर्व में तय समय-सीमा समाप्त हो गई थी। ऐसे में खरीदी प्रक्रिया को पूरा करने के लिए समय-सीमा बढ़ाना आवश्यक हो गया।

नई समय-सीमा मिलने के बाद पिछले करीब छह महीने से अटकी खरीदी प्रक्रिया में अब तेजी आने की उम्मीद है। सुनवाई के दौरान अतिरिक्त महाधिवक्ता प्रवीण दास ने कोर्ट को बताया कि दमकल वाहनों की खरीदी के लिए टेंडर सहित अधिकांश प्रक्रियाएं पूरी हो चुकी हैं और मामला अब अंतिम चरण में पहुंच गया है।

फायर स्टेशनों के अपग्रेडेशन के लिए 100 करोड़ का नया प्रस्ताव
मामले में गृह सचिव की ओर से दायर एक अन्य शपथपत्र में प्रदेश के फायर स्टेशनों के अपग्रेडेशन और आधुनिक अग्निशमन उपकरणों की खरीदी के लिए 100 करोड़ रुपये के नए प्रस्ताव का भी उल्लेख किया गया है। यह प्रस्ताव वित्त विभाग को भेजा गया है।

हाईकोर्ट ने इस नए प्रस्ताव पर राज्य सरकार को अपना पक्ष प्रस्तुत करने के लिए चार सप्ताह का समय दिया है। प्रस्ताव मंजूर होने पर प्रदेश के फायर स्टेशनों के आधुनिकीकरण और अग्निशमन सेवाओं को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया जा सकेगा।




































