TEHRAN NEWS. अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जारी युद्ध नौवें दिन और तेज हो गया है। इजराइल ने ईरान के तेल भंडार और रिफाइनरी से जुड़े ठिकानों पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले शुरू कर दिए हैं। इजराइली मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इन हमलों में 30 फ्यूल टैंक और 3 तेल डिपो को निशाना बनाया गया। इसके जवाब में ईरान ने पलटवार करते हुए इजराइल के साथ कुवैत, सऊदी अरब, बहरीन और संयुक्त अरब अमीरात समेत पांच देशों पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए।

ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि देश अमेरिका और इजराइल के खिलाफ लंबे समय तक युद्ध लड़ने में सक्षम है। सेना के प्रवक्ता अली मोहम्मद नैनी ने कहा कि ईरान की सेना और रिवोल्यूशनरी गार्ड दोनों ही छह महीने तक जंग जारी रखने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि अब तक पूरे क्षेत्र में अमेरिका और इजराइल से जुड़े 200 से ज्यादा सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया जा चुका है।

दूसरी ओर, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि लगातार सैन्य दबाव के कारण ईरान अब कमजोर पड़ गया है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि ईरान ने पड़ोसी देशों से माफी मांगी है और उन पर हमला न करने का भरोसा दिया है। ट्रम्प ने कहा कि कभी मिडिल ईस्ट में ताकतवर माने जाने वाला ईरान अब “दबंग नहीं, बल्कि लूजर” बन गया है। उनके मुताबिक यह स्थिति तब तक बनी रह सकती है जब तक ईरान पूरी तरह झुक नहीं जाता।

दरअसल ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने हाल ही में अपने पड़ोसी देशों पर हुए हमलों के लिए माफी मांगी थी। उन्होंने कहा था कि ईरान तब तक किसी पड़ोसी देश पर हमला नहीं करेगा, जब तक उनकी जमीन से ईरान पर हमला नहीं किया जाता। इसी बीच इराक में ईरान समर्थित संगठन इस्लामिक रेजिस्टेंस इन इराक ने दावा किया है कि उसने एक दिन के भीतर अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर 24 ड्रोन और मिसाइल हमले किए हैं।

ईरान की तसनीम समाचार एजेंसी के मुताबिक इस्फहान प्रांत में अमेरिका और इजराइल के हवाई हमलों में कम से कम 11 लोगों की मौत हो गई। इन हमलों में कई निर्माण कार्यशालाओं और एक घुड़सवारी क्लब को भी निशाना बनाया गया। हमले इस्फहान समेत नजफाबाद, अरान, बिदगोल, बरखार, खोमेनी शहर, शाहरेज़ा, फलावरजान और मोबारेकेह सहित आठ शहरों में किए गए। राहत और बचाव कार्य जारी है और घायलों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।

आंकड़ों में जंग
- अब तक 6,668 नागरिक क्षेत्रों पर हमले
- 5,535 घर और 1,041 दुकानें क्षतिग्रस्त
- 14 मेडिकल सेंटर और 65 स्कूल प्रभावित
- रेड क्रिसेंट के 13 केंद्र हमलों का शिकार
- युद्ध में अब तक 1,483 लोगों की मौत
- इजराइल में 1,765 लोग घायल


































