RAIPUR NEWS. छत्तीसगढ़ विधानसभा में कांग्रेस द्वारा लाया गया अविश्वास प्रस्ताव गिरने के बाद प्रदेश के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अब “विचार शून्य और अध्ययन शून्य” पार्टी बन चुकी है। जो पार्टी सरकार को आईना दिखाने आई थी, उसे सदन में करारा जवाब मिला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की राजनीतिक नैतिकता भी पूरी तरह बेनकाब हो गई है।

ओपी चौधरी ने कांग्रेस पर चुनावी वादों को पूरा नहीं करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पिछली सरकार ने महिलाओं से किए गए वादे पूरे नहीं किए, जबकि अब महतारी वंदन योजना पर सवाल उठा रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपने कार्यकाल में 18 लाख लोगों को प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ नहीं दिला सकी और आज उसी मुद्दे पर सरकार को घेरने की कोशिश कर रही है।

उन्होंने क्रिकेट की उपमा देते हुए कहा कि कांग्रेस “ओपनिंग में ही डबल सेंचुरी से पीछे हो गई थी और अब टेस्ट मैच में हजारों रन से हार चुकी है।”
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के विधानसभा में दिए गए जवाब का उल्लेख करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि सादगी और सहजता मुख्यमंत्री की पहचान है, लेकिन जब राजनीतिक जवाब देने की बात आती है तो उनका अंदाज अलग होता है। उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री के जवाब से कांग्रेस पूरी तरह निरुत्तर और स्तब्ध रह गई।

ओपी चौधरी ने कहा कि कांग्रेस तीन साल सत्ता में रहने के बाद 15 साल तक विपक्ष में रही थी और अब मौजूदा कार्यकाल के बाद उसे 25 साल तक सत्ता से बाहर रहना पड़ेगा।

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल पर निशाना साधते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि उनके नेतृत्व में सरकार तानाशाही तरीके से चली और सत्ता के भीतर की खींचतान का खामियाजा जनता को भुगतना पड़ा। साथ ही उन्होंने कहा कि कांग्रेस को दशकों तक शासन का अवसर मिला, लेकिन उसने कभी किसी आदिवासी नेता को राष्ट्रपति नहीं बनाया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सदन में कांग्रेस पर प्रभावी और राजनीतिक रूप से मजबूत जवाब दिया।






































