RAIPUR NEWS. सूदखोरी के मामले में गिरफ्तार वीरेंद्र तोमर को अदालत ने 4 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस ने बताया कि रिमांड अवधि के दौरान वीरेंद्र तोमर से सूदखोरी से जुड़ी गतिविधियों, अवैध लेन-देन और संपत्ति के स्रोतों को लेकर गहन पूछताछ की जाएगी। इस दौरान आरोपी से रोहित तोमर के संबंध में भी सवाल-जवाब किए जाएंगे, जो इस मामले में अभी फरार बताया जा रहा है।

अधिकारियों ने कहा कि फरार आरोपी की तलाश तेज कर दी गई है और जल्द गिरफ्तारी की उम्मीद है। वीरेंद्र तोमर को रिमांड पूरी होने के बाद 14 नवंबर को दोबारा कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस का कहना है कि जांच में कई नए खुलासे होने की संभावना है।

जानकारी के अनुसार, सूदखोर और हिस्ट्रीशीटर वीरेंद्र सिंह तोमर 2 जून 2025 से फरार था। उसके खिलाफ सूदखोरी, धमकी, हत्या का प्रयास समेत अन्य गंभीर आरोप में शहर के अलग-अलग थानों में 15 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस को लगातार उसकी तलाश थी, लेकिन वह बार-बार ठिकाना बदलता रहा था। 8 नवंबर को आखिरकार ग्वालियर के विंडसर सोसायटी से पुलिस ने उसे फिल्मी अंदाज में गिरफ्तार किया।

बता दें कि रायपुर क्राइम ब्रांच की टीम 4 नवंबर से ही ग्वालियर में डेरा डाले थी, टीम ने उसकी मूवमेंट पर नजर रखी और फिर योजनाबद्ध तरीके से ऑपरेशन को अंजाम दिया। गिरफ्तारी के बाद क्राइम ब्रांच की टीम आरोपी को रायपुर लेकर गई। वहां उसे उन इलाकों में ले जाया गया, जहां वह पहले गुंडागर्दी और धमकियों के लिए बदनाम था। पुलिस ने उसे फटी बनियान में पैदल चलवाया ताकि इलाके में उसके आतंक का असर खत्म किया जा सके।

पूछताछ से खुल सकते हैं कई राज
पुलिस ने वीरेंद्र तोमर को कोर्ट में पेश कर पांच दिन की रिमांड हासिल की है। अब जांच टीम उससे सूदखोरी नेटवर्क, व्यापारियों को धमकाने और अवैध वसूली के मामलों में पूछताछ करेगा। इसके साथ ही फरार भाई रोहित तोमर के ठिकाने को लेकर भी सवाल-जवाब किए जाएंगे। पुलिस को उम्मीद है कि रिमांड के दौरान वीरेंद्र कई अन्य साथियों और फाइनेंसिंग के अवैध चैनल्स का खुलासा करेगा। पुलिस 14 नवंबर को उसे दोबारा कोर्ट में पेश करेगी।





































