मामला हमर लैब योजना के तहत करीब 161 करोड़ रुपये के रीजेंट बर्बाद होने और मेडिकल उपकरणों की खरीदी में कथित वित्तीय अनियमितताओं से जुड़ा है। याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट में दलील दी थी कि विवाद मूल रूप से कंपनी और छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉरपोरेशन लिमिटेड (CGMSC) के बीच अनुबंध और भुगतान से संबंधित है। Read More



























































