करीब पांच वर्षों तक चली जांच के बाद 12 जनवरी 2023 को FCI ने अचानक पूरी भर्ती प्रक्रिया को निरस्त कर दिया। इस फैसले से उन उम्मीदवारों की उम्मीदें टूट गईं, जिन्होंने पूरी प्रक्रिया ईमानदारी से पूरी की थी।
इस निर्णय को चुनौती देते हुए मनीष कुमार यादव, खेम प्रसाद सहित अन्य अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की। Read More





























