राघव चड्ढा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि यह निर्णय पार्टी के दो-तिहाई सांसदों द्वारा लिया गया है, इसलिए तकनीकी रूप से उन पर 'दलबदल विरोधी कानून' लागू नहीं होगा। उन्होंने कहा, "पिछले कुछ समय से मुझे महसूस हो रहा था कि मैं गलत पार्टी में सही आदमी हूँ। हमने संविधान के प्रावधानों के तहत खुद को भाजपा में विलय करने का फैसला किया है।" Read More





























