BILHA NEWS. बिलासपुर जिले के बिल्हा स्थित नोवा स्पंज आयरन प्लांट में एक बड़ा औद्योगिक हादसा हो गया। प्लांट के फर्नेस सेक्शन में काम के दौरान अचानक पिघला हुआ लोहा गिरने से चार कर्मचारी गंभीर रूप से झुलस गए। घटना के बाद प्लांट में अफरा-तफरी मच गई और साथी कर्मचारियों ने तुरंत घायलों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया।

जानकारी के मुताबिक शिफ्ट बदलने के बाद 10 मार्च की रात करीब एक बजे बिल्हा के ग्राम भैंसबोड़ निवासी नरेंद्र कोसले और चंद्रहास अपने साथियों बिहार निवासी धर्मवीर और विनय कुमार के साथ फर्नेस सेक्शन में काम कर रहे थे। इसी दौरान पिघले हुए आयरन को लैडल (लैडर) में डालते समय अचानक खौलता हुआ लोहा उछलकर उन पर गिर गया। तेज गर्मी और पिघले लोहे की चपेट में आते ही चारों कर्मचारी वहीं गिर पड़े और बुरी तरह झुलस गए।

मौके पर मौजूद अन्य कर्मचारियों ने तुरंत घायलों को बाहर निकाला और प्लांट में मौजूद अधिकारी की कार से उन्हें बिलासपुर के प्रताप चौक स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। डॉक्टरों के मुताबिक चारों मजदूर करीब 25 से 40 प्रतिशत तक झुलस गए हैं और उनका इलाज जारी है।

घायल कर्मचारी विनय कुमार ने बताया कि काम के दौरान लैडल का रिंग कट जाने से खौलता हुआ लोहा अचानक उछल गया। उस समय सभी कर्मचारी वहीं खड़े थे, जिससे गर्म आयरन सीधे उन पर गिर गया और चारों गंभीर रूप से झुलस गए।

घायल मजदूरों ने प्लांट प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि फर्नेस जैसे संवेदनशील क्षेत्र में भी कर्मचारियों को पर्याप्त सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए जाते। मजदूरों के मुताबिक उन्हें सुरक्षा जैकेट, चश्मा और ईयर प्लग जैसी जरूरी सुविधाएं दिए बिना ही काम कराया जाता है।

घटना के बाद मामले की जानकारी पुलिस और औद्योगिक सुरक्षा विभाग को दे दी गई है। अधिकारियों ने दुर्घटना की जांच शुरू कर दी है और प्लांट में सुरक्षा व्यवस्था की भी पड़ताल की जा रही है।




































