RAIPUR. छत्तीसगढ़ में बुधवार को आयकर विभाग की टीम ने दस्तक दी थी। गौरतलब है की राजधानी रायपुर समेत रायगढ़ और कई जगहों पर आयकर की टीम ने छापे मारे की। शंकर नगर स्थित सिंघल बिल्डिंग समेत रायपुर के कई जगहों पर टीम ने दबिश दी थी। वहीं आईटी की टीम बिलासपुर रायगढ़ और नया रायपुर भी पहुंची है। शहर के खम्हारडीह, कबीर नगर, शंकर नगर समेत कई स्थानों पर आईटी की टीम दस्तावेजों की जांच कर रही हैं। बताया जा रहा है की सिंघल इंटरप्राइजेस के संचालक के पास से आईटी की टीम ने 50 लाख का सोना और 20 लाख रुपए नगद जब्त किया है।

इसलिए आए आईटी की रीडर में
मिली जानकारी के अनुसार हाल ही में सिंघल उद्योग ने सालासर उद्योग को टेकओवर किया था जिसके बाद इनकम टैक्स की रडार में दोनों उद्योग आ गए हैं। टीम रायगढ़ के कालिंदी कुंज स्थित एक सीए के अलावा बंजारी मार्ग पर स्थित सिंघल उद्योग व गेरवानी स्थित सालासर उद्योग में जांच कर रही है।
आज भी सिंघल ग्रुप में जांच जारी
सिंघल ग्रुप को प्रदेश के बड़े कारोबारी समूह में गिना जाता है। आयकर के सौ अफसरों की टीम CRPF की सुरक्षा के साथ डटी हुई है। जब टीमें तड़के 5 बजे जब घरों में पहुंची तो सभी डायरेक्टर्स वहां मौजूद मिले। कुछ शैल कंपनियों की जानकारी भी मिली प्राप्त हुई है। अफसर इसकी तसदीक कर रहे हैं। इसके साथ ही रायपुर, रायगढ़ के बैंकों में 13 लॉकर्स मिले हैं जिन्हें सीज किया गया है। साथ ही दोनों भाइयों के घरों से 50 लाख का सोना और 20 लाख रुपए नगद मिला है। अफसरों ने चार लाख रूपए और पूरी ज्वेलरी सीज की है। अभी इनका मूल्यांकन करना शेष है।

बताया गया कि आयकर की टीम सिंघल इंटरप्राइजेस के प्रतिष्ठानों में दबिश दी। इसके संचालक संजय सिंघल, और अजय सिंघल (अग्रवाल) हैं। सिंघल इंटरप्राइजेस मुख्य फर्म के अधीन शेष सभी कंपनियां है। इनमें पूंजीपतरा स्थित सिंघल प्लांट, सालासर प्लांट, श्याम इस्पात और सिंघल एनर्जी शामिल हैं। इसके अलावा समूह का फाइनेंस का भी कारोबार है। समूह के लोगों के शंकर नगर, अवंति विहार, चौबे कालोनी, मोवा और खम्हारडीह के दफ्तर निवास पर भी जांच जारी है।





































