पूर्व विधायक ने शिक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक लापरवाही के कारण कोटाडोल स्कूल के 36 छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ, जबकि जिले की शिक्षा रैंकिंग गिरकर 33वें स्थान पर पहुंच गई। Read More





























Website security powered by MilesWeb
