RAIPUR NEWS. सिलतरा औद्योगिक क्षेत्र के जायसवाल निको स्टील प्लांट में सोमवार को एक श्रमिक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना के बाद मृतक के परिजनों और सैकड़ों ग्रामीणों ने फैक्ट्री प्रबंधन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। जनप्रतिनिधियों के साथ ग्रामीण फैक्ट्री गेट के सामने धरने पर बैठ गए हैं। प्रदर्शनकारी मृतक के परिवार को उचित मुआवजा, नौकरी और न्याय दिलाने की मांग कर रहे हैं। साथ ही उन्होंने प्लांट में श्रमिकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। मृतक की पहचान मोहदा निवासी संतोष वर्मा के रूप में हुई है।

परिजनों के मुताबिक, संतोष लंबे समय से जायसवाल निको प्लांट में श्रमिक के रूप में काम कर रहा था। सोमवार दोपहर ड्यूटी के दौरान अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई और वह बेहोश हो गया। इसके बाद फैक्ट्री प्रबंधन उसे तत्काल रायपुर के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचा, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। श्रमिक की मौत के बाद सिलतरा-सांकरा औद्योगिक क्षेत्र की फैक्ट्रियों में सुरक्षा इंतजामों को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों का आरोप है कि कई फैक्ट्रियों में मजदूरों से पर्याप्त सुरक्षा उपकरणों के बिना काम कराया जाता है।

क्षेत्र में प्रदूषण और खतरनाक गैसों के भंडारण को लेकर भी उन्होंने चिंता जताई है। ग्रामीणों का कहना है कि औद्योगिक क्षेत्र में आए दिन छोटे-बड़े हादसे होते हैं, लेकिन श्रमिकों की सुरक्षा को लेकर पर्याप्त कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। मोहदा निवासी ग्रामीण लोकेश कश्यप ने कहा कि यहां श्रमिकों की जान की कोई कीमत नहीं रह गई है। बिना पर्याप्त सुरक्षा के काम कराया जाता है। उन्होंने मृतक के परिवार को न्याय और उचित मुआवजा देने की मांग की।

नौकरी और मुआवजे की मांग पर अड़े ग्रामीण
जनपद सदस्य प्रतिनिधि ईश्वर निषाद ने कहा कि जब तक मृतक के परिजनों को न्याय, स्थायी नौकरी और उचित मुआवजा नहीं मिलता, तब तक धरना जारी रहेगा। उन्होंने प्रशासन से औद्योगिक क्षेत्र की फैक्ट्रियों में सुरक्षा व्यवस्था की जांच कराने की भी मांग की है। घटना की सूचना मिलने के बाद धरसीवां पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से मृतक के परिजनों तथा फैक्ट्री प्रबंधन के बीच बातचीत कराकर विवाद सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है। फिलहाल ग्रामीण फैक्ट्री के मुख्य गेट के सामने प्रदर्शन कर रहे हैं।

श्रमिक की मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। फिलहाल परिजनों और ग्रामीणों की मांग है कि घटना की निष्पक्ष जांच के साथ श्रमिकों की सुरक्षा में लापरवाही की भी पड़ताल की जाए।


































