SULTANPUR NEWS. कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर की अदालत ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर टिप्पणी से जुड़े मानहानि मामले में बरी कर दिया है। विशेष मजिस्ट्रेट शुभम वर्मा की अदालत ने यह फैसला सुनाया। सुनवाई के दौरान राहुल गांधी खुद अदालत में मौजूद रहे। फैसले के बाद कांग्रेस समर्थकों ने नारेबाजी की और पार्टी नेताओं ने इसे सत्य की जीत बताया। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस महासचिव भूपेश बघेल ने भी फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि राहुल गांधी को इस मामले में परेशान किया गया।

यह मामला वर्ष 2018 में कर्नाटक विधानसभा चुनाव के दौरान राहुल गांधी की ओर से तत्कालीन भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के संबंध में दिए गए बयान से जुड़ा है। राहुल गांधी ने अमित शाह के खिलाफ हत्या के एक मामले में आरोपी होने का उल्लेख करते हुए उनकी राजनीतिक विश्वसनीयता पर सवाल उठाए थे। इस टिप्पणी को लेकर भाजपा नेता और जिला सहकारी बैंक के पूर्व अध्यक्ष विजय मिश्रा ने 4 अगस्त 2018 को सुल्तानपुर में राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता का आरोप था कि राहुल गांधी के बयान से अमित शाह की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा और यह आपराधिक मानहानि का मामला बनता है।

राहुल गांधी ने इन आरोपों से इनकार किया था। उनका पक्ष था कि शिकायत राजनीतिक दुर्भावना से प्रेरित है और उनका उद्देश्य किसी को बदनाम करना नहीं था। इस मामले में अदालत ने 27 नवंबर 2023 को राहुल गांधी को मुकदमे का सामना करने के लिए तलब किया था। इसके बाद राहुल गांधी अदालत में पेश हुए और उन्हें जमानत मिल गई थी। बाद में शिकायतकर्ता की ओर से राहुल गांधी के वॉयस सैंपल यानी आवाज का नमूना लेने की मांग की गई थी, लेकिन ट्रायल कोर्ट ने इस अर्जी को खारिज कर दिया था। अब मामले में अदालत ने राहुल गांधी को बरी करने का फैसला सुनाया है।

राहुल गांधी के बरी होने पर छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव भूपेश बघेल ने प्रतिक्रिया दी। एबीपी न्यूज से बातचीत में उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को इस मामले में फंसाने की कोशिश की जा रही थी और उन्हें परेशान किया गया। बघेल ने अदालत के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि राहुल गांधी के साथ जनता खड़ी है। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने भी फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी की टिप्पणी अमित शाह के खिलाफ दर्ज हत्या के मामले में आरोपी होने के संदर्भ में थी और अदालत ने राहुल गांधी को बरी कर दिया है। खेड़ा ने कहा कि कांग्रेस इस फैसले का स्वागत करती है।

फैसले के बाद समर्थकों ने की नारेबाजी
अदालत का फैसला आने के बाद कांग्रेस समर्थकों ने खुशी जाहिर की और नारेबाजी की। इसके बाद राहुल गांधी अदालत परिसर से बाहर निकले। कांग्रेस नेताओं ने फैसले को पार्टी के लिए राहत बताते हुए इसे सत्य की जीत करार दिया।




































