WASHINGTON NEWS. मादुरो की गिरफ्तारी के बाद वेनेजुएला में बदले सत्ता समीकरणों के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर आक्रामक तेवर दिखाए हैं और साफ कर दिया है कि अमेरिका की शर्तों की अनदेखी हुई तो अगला सैन्य कदम उठाने में देर नहीं लगेगी। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला को लेकर कड़ा रुख अपनाते हुए चेतावनी दी है कि यदि वहां की अंतरिम सरकार अमेरिका की शर्तें नहीं मानती, तो अमेरिका दूसरी बार सैन्य हमला कर सकता है। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका इस समय वेनेजुएला की स्थिति पर काबू बनाए हुए है और हालात सुधारने के लिए जरूरत पड़ी तो दोबारा कार्रवाई से पीछे नहीं हटेगा।

ट्रंप ने दावा किया कि राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को हिरासत में लेने के बाद अमेरिका की स्थिति और मजबूत हो गई है। उनके मुताबिक, अब जमीनी हालात पर अमेरिका का प्रभाव है। हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि फिलहाल वहां सत्ता की वास्तविक जिम्मेदारी किसके हाथ में है। ट्रंप ने कहा कि मुझसे मत पूछिए कि वहां कौन जिम्मेदार है, क्योंकि मेरा जवाब विवाद खड़ा कर देगा, लेकिन यह भी जोड़ा कि अमेरिका हालात को नियंत्रित कर रहा है।

अमेरिकी राष्ट्रपति ने खुलासा किया कि अमेरिका दूसरी सैन्य कार्रवाई के लिए पूरी तरह तैयार था। उन्होंने कहा कि हम दूसरे हमले के लिए पूरी तरह तैयार थे, सब कुछ तय था, लेकिन फिलहाल हमें लगता है कि इसकी जरूरत नहीं पड़ेगी। हालांकि उन्होंने यह भी साफ किया कि हालात बिगड़ने पर दूसरा हमला एक विकल्प बना रहेगा। सैन्य ऑपरेशन से जुड़ी जानकारी साझा करते हुए ट्रंप ने बताया कि कार्रवाई के दौरान अमेरिका का एक हेलिकॉप्टर गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गया था। इसके बावजूद सभी अमेरिकी सैनिक सुरक्षित हैं और किसी की मौत नहीं हुई है। घायल सैनिकों की हालत भी स्थिर बताई गई है।

ट्रंप ने वेनेजुएला को इस वक्त एक मरा हुआ देश करार देते हुए कहा कि वर्षों की गलत नीतियों और खराब शासन ने देश की अर्थव्यवस्था को तबाह कर दिया है। उन्होंने दावा किया कि वेनेजुएला में तेल उत्पादन बेहद निचले स्तर पर पहुंच चुका है और अमेरिका को वहां के तेल व अन्य संसाधनों तक पूरी पहुंच चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि वेनेजुएला के तेल ढांचे को दोबारा खड़ा करने के लिए बड़े निवेश की जरूरत है और अमेरिकी तेल कंपनियां इसके लिए तैयार हैं। ट्रंप के मुताबिक, वेनेजुएला का तेल ढांचा पहले अमेरिकी कंपनियों ने ही विकसित किया था, जिसे बाद में उनसे छीन लिया गया।

इसी बीच ट्रंप ने ईरान को लेकर भी सख्त संदेश दिया है। ट्रुथ सोशल पर पोस्ट करते हुए उन्होंने ईरान में प्रदर्शन कर रहे लोगों को समर्थन का भरोसा दिलाया और चेतावनी दी कि यदि ईरान सरकार ने पहले की तरह प्रदर्शनकारियों पर हिंसा की, तो अमेरिका कड़ा जवाब देगा। ब्रिटिश अखबार गार्जियन की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका ने कैरेबियन क्षेत्र में लगभग 15 हजार सैनिक तैनात कर रखे हैं। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि अगर अंतरिम राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज अमेरिका की मांगें नहीं मानती हैं, तो अमेरिका वेनेजुएला में दोबारा हस्तक्षेप कर सकता है।




































