NEW DELHI NEWS. हर महीने बढ़ता बिजली बिल अब आम परिवारों की सबसे बड़ी चिंता बन चुका है। एसी, कूलर, पंखा या फिर रोजमर्रा के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण-बिना बिजली के जिंदगी ठप है और उसी के साथ बजट भी बिगड़ जाता है। लेकिन नए साल से पहले सरकार ने ऐसा समाधान दिया है, जिससे न सिर्फ बिजली का बिल शून्य हो सकता है, बल्कि घर खुद बिजली बनाने वाला मिनी पावर हाउस भी बन जाएगा। केंद्र सरकार की PM Surya Ghar: Muft Bijli Yojana आम लोगों को महंगे बिजली बिल से स्थायी राहत देने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा फरवरी 2024 में शुरू की गई इस योजना का मकसद देश के करोड़ों घरों को सौर ऊर्जा से जोड़ना है, ताकि लोग अपनी जरूरत की बिजली खुद पैदा कर सकें। सरकार ने इस योजना के लिए 75 हजार करोड़ रुपये से अधिक का बजट तय किया है और 2026-27 तक एक करोड़ घरों में रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाने का लक्ष्य रखा गया है। अगर घर की छत पर सही क्षमता का सोलर सिस्टम लग जाता है, तो हर महीने करीब 300 यूनिट तक बिजली मुफ्त मिल सकती है।

इस योजना के तहत घर की छत पर सोलर पैनल लगाए जाते हैं, जो सूरज की रोशनी से बिजली बनाते हैं। दिन में बनी बिजली सीधे घर में इस्तेमाल होती है। अगर बिजली ज्यादा बनती है, तो वह सरकारी ग्रिड में चली जाती है और बदले में बिजली बिल में एडजस्ट हो जाती है। इस तरह कई घरों का बिजली बिल शून्य तक आ सकता है। सरकार सोलर सिस्टम लगवाने पर सीधी सब्सिडी देती है, जो सिस्टम की क्षमता पर निर्भर करती है। 1 किलोवाट सिस्टम पर: ₹30,000 तक, 2 किलोवाट सिस्टम पर: ₹60,000 तक, 3 किलोवाट या उससे अधिक सिस्टम पर: अधिकतम ₹78,000 तक सब्सिडी सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में ट्रांसफर की जाती है।

जानिए कौन उठा सकता है योजना का फायदा?
- आवेदक भारत का नागरिक होना चाहिए
- घर के नाम पर वैध बिजली कनेक्शन होना जरूरी
- पहले किसी अन्य सोलर सब्सिडी योजना का लाभ न लिया हो
- घर की छत सोलर पैनल लगाने के लिए उपयुक्त हो

ऐसे करें ऑनलाइन आवेदन
- सबसे पहले www.pmsuryaghar.gov.in वेबसाइट पर जाएं
- बिजली उपभोक्ता नंबर डालकर रजिस्ट्रेशन करें।
- DISCOM से तकनीकी मंजूरी मिलने के बाद रजिस्टर्ड वेंडर से सोलर पैनल लगवाएं।
- इंस्टॉलेशन और निरीक्षण के बाद नेट मीटर लगाया जाएगा।
- इसके बाद सब्सिडी की रकम सीधे बैंक खाते में भेज दी जाएगी।




































