अधिक ब्यॉज मिलने के लालच में CRPF का जवान हुआ ऑनलाइन ठगी का शिकार

अज्ञात कॉल धारकों को सायबर सेल के जरिए ट्रेस कराया जा रहा है। वहीं दूसरी ओर बैंक से रकम को सीज कराने का प्रयास किया जा रहा है। जवान ने करीबन 12 लाख रुपए अलग-अलग खातों में जमा किए हैं।

रायपुर (raipur)। अनजान नंबर से आए काल के झांसे (hoax) में आकर एक जवान ने अधिक ब्यॉज (more buoys) मिलने के लालच में लाखों रुपए गंवा दिए। इसमें सीआरपीएफ का जवान ऑनलाइन ठगी  (online fraud) का शिकार हो गया। जवान ने करीबन 12 लाख रुपए अलग-अलग खातों में जमा किए हैं। मामले की शिकायत की जांच करने पर कंपनी कॉलगर्ल और कालबॉय उपलब्ध कराने वाली कंपनी निकली। बता दें कि ऐसे मामले में पुलिस लगातार जागरूकता अभियान चला रही है।

सायबर सेल कर रही जांच
मामले की शिकायत विधानसभा थाने (assembly station) में की गई है। पुलिस ने बताया कि प्रार्थी की शिकायत पर अज्ञात ठगों के खिलाफ धारा 420, 34 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। अज्ञात कॉल धारकों को सायबर सेल (cyber cell) के जरिए ट्रेस कराया जा रहा है। वहीं दूसरी ओर बैंक से रकम को सीज कराने का प्रयास किया जा रहा है।

कंपनी के एकाउंट में 7 लाख 12 हजार 800 रुपए जमा किया था
पुलस से मिली जानकारी के मुताबिक 29 नवंबर 2020 को सड्डू निवासी सीआरपीएफ जवान विशाल उपाध्याय के पास अज्ञात नंबर से कॉल आया था। अज्ञात कॉलर ने अपना परिचय कपल मंत्रा नामक कंपनी के प्रतिनिधि के तौर पर कराते हुए कहा कि कंपनी में पैसा जमा करने पर 6 माह बाद 10 प्रतिशत की दर पर ब्यॉज दिया जाएगा। ज्यादा ब्यॉज के लालच में आकर जवान ने अलग-अलग खाते से कंपनी के एकाउंट में 7 लाख 12 हजार 800 रुपए जमा करा दिए।

रकम की वापसी के लिए कॉल किया तो दोबारा झांसे में फंसा
जवान ने जब जमा कराई रकम की वापसी के लिए कॉल किया तो माय मैच कंपनी के नाम से दोबारा जवान को झांसे में लिया गया, और इस बार उससे 3 लाख 97 हजार 700 रुपए जमा करा लिया गया। इसके बाद प्रार्थी का पैसा वापस करने के लिए लगातार लीगल प्रोसेस का हवाला देते हुए टालमटोल करने लगे। आखिरकार जब जवान को ठगे जाने का एहसास तो उसने कंपनी की पड़ताल शुरू की तो पता चला कि वह एक एस्कार्ट कंपनी है, जो कॉलगर्ल- कॉलबॉय उपलब्ध कराती है।

(TNS)