KAWARDHA NEWS. सिटी कोतवाली कवर्धा में बीती रात एक आदिवासी कॉलेज छात्रा के साथ गैंगरेप का मामला सामने आने के बाद हड़कंप मच गया। पुलिस की माने तो युवती अपने प्रेमिका के साथ मिलने गई थी। इसी दौरान दोनों के बीच रात करीब 1 बजे किसी बात को लेकर विवाद हो गया। जिसके बाद दोनों मकान के बाहर टहल रहे थे। इसी बीच तीन अज्ञात बदमाश बाईक में वहां पहुंचे और युवती को अपने साथ रायपुर रोड ले जाकर तीनो ने सामूहिक दुष्कर्म किया।
युवकों ने गैंगरेप के बाद करीब साढ़े तीन बजे अँधेरे का फायदा उठाते हुए पीड़िता को बस स्टैंड में छोडकर फरार हो गए। वहीं सुबह जब पुलिस को जानकारी हुई तो पुलिस के होंश उड़ गए और तत्काल पुलिस के आला अधिकारी घटना स्थल पहुंचे, और पीड़िता को मेडिकल एवं काउंसिलिंग के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। वहीं पीड़िता के प्रेमी से भी पुलिस ने पूछताछ किया, लेकिन आरोपियों की पहचान नहीं हो सका है।
एसपी कवर्धा धर्मेंद्र सिंह छवई ने बताया जा रहा है कि पीड़िता जिले के एक गांव की है जो कॉलेज में सेकंड ईयर की स्टूडेंट है जो कवर्धा में किराए के मकान में रहती थी। फिलहाल पुलिस अनेक स्थल का सीसीटीवी खंगालकर कर जांच में जुटी है और जल्द ही आरोपियों के गिरफ्तारी का दावा कर रही है।
कोरबा में हुई थी गैंगरेप के बाद हत्या
इसके पहले छत्तीसगढ़ के कोरबा में 45 साल के बॉयफ्रेंड ने 35 वर्षीय गर्लफ्रेंड को बाइक पर बैठाया। उसे जंगल ले गया। वहां पहले से ही उसके दो साथी मौजूद थे, तीनों ने मिलकर युवती से गैंगरेप किया। जब युवती ने कहा कि वो पुलिस को सब बताएगी, तो तीनों ने मिलकर उसे मार डाला। फिर बोरे में लाश डालकर पानी से भरे नाले में फेंक दी। जिसके बाद 24 दिन बाद युवती का कंकाल मिला था।
पुलिस ने फिर मामले में 45 साल के उमेंद्र प्रसाद बिंझिया को हिरासत में लिया, क्योंकि उन्हें पता चला था कि आखिरी बार को उमेंद्र के साथ देखा गया था। उमेंद्र ने पुलिस के सामने फिर सारा राज उगला। बताया कि उसने दो दोस्तों संतराम उर्फ छोटू (28) और गुलाम सिंह के साथ मिलकर अपनी ही गर्लफ्रेंड से गैंगरेप किया। फिर उसे मार डाला। आरोपी की निशानदेही पर 24 दिन बाद पुलिस ने युवती का कंकाल बरामद किया था।




































