JASHPUR NEWS. जिले के सन्ना थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम गट्टी महुआ में मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ जादू-टोना के संदेह में एक महिला की उसके ही परिजनों ने मिलकर अत्यंत क्रूरतापूर्वक हत्या कर दी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मृतिका के पति, उसकी दूसरी पत्नी (सौतन), देवर और देवरानी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

जानकारी के अनुसार, 6 मार्च 2026 को गोईदी बाई का शव उसके घर में संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था। मृतिका के भाई सहलू राम ने सन्ना थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने जाँच शुरू की। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि महिला की मौत उसके निजी अंगों (प्राइवेट पार्ट) में लकड़ी के डंडे से पहुँचाई गई गंभीर चोटों के कारण हुई है।

साजिश के तहत दिया वारदात को अंजाम
पुलिस पूछताछ में मुख्य आरोपी फुला बाई (मृतिका की सौतन) ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। जाँच में सामने आया कि मृतिका का उसके पति ठूपन राम और उसकी दूसरी पत्नी फुला बाई से अक्सर झगड़ा होता था। मृतिका के देवर सुनील राम और देवरानी सुरन्ती बाई को शक था कि गोईदी बाई के ‘जादू-टोना’ के कारण उनके घर में बच्चा नहीं हो रहा है और सुनील के पिता को कैंसर हुआ है।

5 मार्च की शाम आरोपियों ने गोईदी बाई को बहला-फुसलाकर झोपड़ी में बुलाया और साथ बैठकर शराब पी। इसके बाद सुनील ने उसके बाल पकड़कर उसे जमीन पर पटक दिया। ठूपन राम और फुला बाई ने महिला के हाथ-पैर दबोच लिए, जबकि सुनील और सुरन्ती ने लकड़ी के डंडे से हमला कर उसकी जान ले ली।

साक्ष्य छुपाने की कोशिश विफल
हत्या के बाद आरोपियों ने शव को बिस्तर पर लिटाकर कंबल से ढंक दिया था ताकि मामला प्राकृतिक मौत जैसा लगे। हालांकि, पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त डंडा बरामद कर लिया है।अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश पाटनवार ने बताया कि अंधविश्वास के चलते इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम दिया गया। चारों आरोपियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।



































