RAIPUR NEWS. छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी ने उपभोक्ताओं को साइबर ठगी से सतर्क रहने की कड़ी चेतावनी जारी की है। कंपनी के अनुसार, व्हाट्सएप के माध्यम से एपीके फाइल भेजकर नए बिजली कनेक्शन के डिमांड भुगतान के नाम पर ठगी के मामले सामने आ रहे हैं। ऐसे मामलों में लापरवाही बरतना उपभोक्ताओं के लिए भारी नुकसान का कारण बन सकता है।

पावर कंपनी ने स्पष्ट किया है कि वह कभी भी 10 अंकों वाले मोबाइल नंबर से न तो कोई लिंक या एपीके फाइल भेजती है और न ही व्हाट्सएप पर भुगतान की मांग करती है। यदि किसी उपभोक्ता को इस प्रकार का संदेश प्राप्त होता है, तो उसे तुरंत नजरअंदाज करें और किसी भी हाल में फाइल डाउनलोड न करें।
छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के कार्यपालक निदेशक ऊर्जा एवं सूचना प्रौद्योगिकी वी. के. साय ने बताया कि कुछ जिलों में उपभोक्ताओं ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। इन मामलों में साइबर अपराधियों ने नए बिजली कनेक्शन की डिमांड राशि के भुगतान के नाम पर एपीके फाइल भेजी। फाइल डाउनलोड करते ही उपभोक्ताओं का मोबाइल हैक हो गया और उनके बैंक खातों से धनराशि निकाल ली गई।

साय ने कहा कि साइबर ठग कभी बिजली कनेक्शन काटने तो कभी नया कनेक्शन देने के नाम पर लोगों को भ्रमित कर रहे हैं। उन्होंने उपभोक्ताओं से अपील की कि बिजली से संबंधित सभी भुगतान केवल अधिकृत माध्यमों से ही करें।
पावर कंपनी के अनुसार, बिजली बिल या कनेक्शन से जुड़ा भुगतान केवल संबंधित बिजली कार्यालय, एटीपी केंद्र, मोर बिजली एप अथवा कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से ही किया जा सकता है। कंपनी द्वारा भेजे जाने वाले संदेश केवल CSPDCL-S सेंडर आईडी से ही आते हैं। वहीं मितान बॉट की व्हाट्सएप सुविधा में भी केवल सत्यापित आधिकारिक पहचान का उपयोग किया जाता है।

कंपनी ने स्पष्ट किया है कि किसी अन्य नंबर से प्राप्त संदेशों पर भुगतान करना उपभोक्ताओं को सीधे नुकसान की ओर ले जा सकता है। अधिक जानकारी या संदेह की स्थिति में उपभोक्ता केंद्रीकृत कॉल सेंटर 1912 अथवा अपने नजदीकी बिजली वितरण केंद्र से संपर्क करें।




































