CHINDWARA NEWS. छिंदवाड़ा के परासिया में हुए जहरीले कफ सिरप कांड में मुख्य आरोपी और श्रेसन फार्मास्यूटिकल्स के मालिक जी. रंगनाथन गोविंदन को मंगलवार को पुलिस रिमांड खत्म होने के बाद न्यायालय में पेश किया। परासिया न्यायालय ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में जिला जेल भेजने का आदेश दिया। यह मामला जहां पूरे क्षेत्र को झकझोर गया है। वहीं, रंगनाथन के अदालत में दिखाए गए बर्ताव ने लोगों के गुस्से को और भड़का दिया है।

कैमरे के सामने मुस्कुराया, हाथ हिलाया
रंगनाथन पर आरोप है कि उसकी कंपनी की लापरवाही से बनाए गए दूषित cough syrup (कफ सिरप) से 24 मासूम बच्चों की मौत हो गई। इसके बावजूद जब उसे कोर्ट लाया गया, तो उसने कैमरा देखते ही मुस्कुराते हुए पोज दिए। लोगों ने देखा कि वह जैसे किसी प्रचार कार्यक्रम में हो। चेहरे पर मुस्कान, कैमरों की ओर हाथ हिलाते हुए चलता रहा।

हावभाव में नहीं दिखा पछतावा
उसके हावभाव में न कोई पछतावा था, न किसी तरह की ग्लानि दिखी। इस असंवेदनशील रवैये ने पीड़ित परिवारों के जख्म ताजा कर दिए। जिन माता-पिताओं ने अपने बच्चों को खोया, उनके लिए यह बर्ताव बेहद असहनीय था। स्थानीय लोगों ने आरोपी के इस व्यवहार को अमानवीय बताया।

स्थानीय लोगों में गुस्सा
आरोपी के अदालत से लौटने का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आते ही लोगों में आक्रोश बढ़ गया। जगह-जगह इसे लेकर चर्चा होने लगी। लोगों ने सवाल उठाया कि आखिर कैसे कोई इंसान 24 जानें जाने के बाद भी इतना बेफिक्र और मुस्कुराता हुआ नजर आ सकता है। परासिया के लोगों ने इसे मानवीय संवेदनाओं की खुली अनदेखी करार दिया।

जांच जारी, कई खुलासों की उम्मीद
छिंदवाड़ा पुलिस ने श्रेसन फार्मास्यूटिकल्स के खिलाफ अवैध निर्माण और गुणवत्ता नियमों के उल्लंघन को लेकर जांच तेज कर दी है। शुरुआती जांच में जहरीले cough syrup में रासायनिक मिलावट और सुरक्षा मानकों की अनदेखी की बात सामने आई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि उत्पादन प्रक्रिया में किन स्तरों पर लापरवाही बरती गई थी।
रंगनाथन से पूछताछ के बाद टीम ने कंपनी से जुड़े दस्तावेज और नमूने जब्त किए हैं, ताकि दवा निर्माण में हुई गड़बड़ी की पूरी सच्चाई सामने आ सके।



































