UJJAIN NEWS. उज्जैन रेलवे स्टेशन पर जीआरपी ने बड़ी सफलता हासिल की। प्लेटफॉर्म नंबर 6 पर सघन चेकिंग के दौरान 26.463 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद किया, जिसकी कीमत करीब 2 लाख रुपये है। एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत कार्रवाई में तीन तस्कर गिरफ्तार हुए।

मुखबिर सूचना पर घेराबंदी
रेल एसपी पद्म विलोचन शुक्ल और उपएसपी ज्योति शर्मा के निर्देश पर थाना प्रभारी अमित कुमार भावसार की टीम ने मुखबिर टिप पर दबिश दी। संध्या नाइक, जग्यानसैनी नाइक और सूरज भोलो को पकड़ा। तीनों के अलग-अलग बैगों में गांजा छिपाकर ले जा रहे थे। सउनि कैलाश ठाकुर, आरक्षक बलवंत जाट, भूपेंद्र जाट ने तुरंत जप्ती की।
सीएम के निर्देश पर नशे के खिलाफ अभियान
मुख्यमंत्री ने उज्जैन को पवित्र नगरी घोषित कर अवैध शराब-नशे पर सख्ती के आदेश दिए हैं। जीआरपी इसी क्रम में लगातार चेकिंग चला रही। यह कार्रवाई तस्करी रैकेट पर करारा प्रहार साबित हुई। युवाओं को नशे से बचाने और रेलवे क्षेत्र को अपराधमुक्त रखने में अहम कदम।

आगे की जांच जारी
तीनों आरोपी पूछताछ में बड़े नेटवर्क का खुलासा कर सकते हैं। जीआरपी ने रेलवे परिसर में सतर्कता बढ़ा दी। उज्जैन जैसे तीर्थनगरी में नशे की तस्करी रोकने का संकल्प दोहराया।

महिला यात्री से अभद्रता करने वाले दो ट्रांसजेंडर गिरफ्तार
इसी तरह से नागदा रेलवे स्टेशन पर गोरखपुर एक्सप्रेस (19489) में यात्रा कर रही मनीषा कहार और उनकी बेटी के साथ दो ट्रांसजेंडरों ने अभद्रता की थी। गाली-गलौज, झूमाझटकी और जान से मारने की धमकी देने के मामले में जीआरपी ने त्वरित कार्रवाई कर दोनों को गिरफ्तार किया।

महिला को ट्रेन से फेंकने की धमकी
रतलाम से उज्जैन जा रही मनीषा जनरल कोच में बेटी के साथ 22 नवंबर को सफर कर रही थीं। नागदा स्टेशन पर करिश्मा (32, शहीद नगर, नागदा) और 24 साल की शिवम उर्फ शिवानी (त्रिलोकपुरी दिल्ली, हाल चेतनपुरा नागदा) चढ़े। यात्रियों से पैसे मांगने लगे। विरोध पर गालीबाजी, हाथापाई व ट्रेन से फेंकने की धमकी दी। वीडियो वायरल होने पर हंगामा मचा।
जीआरपी की तुरंत FIR व गिरफ्तारी
पीड़िता की शिकायत पर जीआरपी चौकी नागदा ने FIR दर्ज की। अपराध क्रमांक 509/2025 धारा 79 के तहत वैधानिक कार्रवाई। वीडियो फुटेज और गवाहों से पहचान के बाद दोनों को धर दबोचा। आरोपी नागदा आउटर पर ट्रेन से कूद भागे थे।
रेल यात्रियों की सुरक्षा पर जोर
जीआरपी ने यात्रियों से अपील की कि अभद्रता पर 139 हेल्पलाइन पर शिकायत करें। जनरल कोचों में ऐसी वसूली रोकने के लिए चेकिंग तेज। यह कार्रवाई रेल सुरक्षा को मजबूत करने का संदेश।



































