BHIND NEWS. भिंड के ऊमरी थाना प्रभारी शिवप्रताप सिंह राजावत को साइबर ठग का कॉल आया। खुद को एसबीआई क्रेडिट कार्ड डिपार्टमेंट मुंबई का अधिकारी बताते हुए ठग बोला, “सर, आपका कार्ड एक्सपायर हो गया, अपडेट के लिए OTP बताएं।”

टीआई ने भांप लिया कि यह ठग का फोन है। मगर, उसे पकड़ने के लिए 20 मिनट बात जारी रखी। ठग बार-बार OTP, अकाउंट डिटेल मांगता रहा। इस दौरान उन्होंने बताया कि वह पुलिस से बोल रहे हैं। इस पर ठग ने कहा कि पुलिस से हो या साइबर सेल से, बस ओटीपी बता दो।
ठग का घमंड, टीआई की चतुराई
टीआई ने ठग को बातों में उलझाया और कहा कि OTP आया नहीं, थोड़ा वेट करो। ठग बोला, “इन सब में कुछ नहीं रखा, बस OTP बता दो।” बातचीत में ठग का आत्मविश्वास साफ झलक रहा था। यदि कोई आम आदमी होता तो उसके जाल में आसानी से फंस जाता।

झारखंड की निकली लोकेशन
हालांकि, टीआई ने बातचीत करने के दौरान मोबाइल की लोकेशन ट्रेस की। पता चला झारखंड के कुख्यात साइबर क्राइम हब जामताड़ा से कॉल किया गया है। मोबाइल नंबर कोलकाता के रेखा मंडल के नाम रजिस्टर्ड पाया गया। ठग अकाउंट हैक कर पैसे उड़ाने को तैयार था, लेकिन टीआई ने जामताड़ा पुलिस को अलर्ट किया।

टीम पहुंची, तो ठग फरार
इससे पहले की पुलिस ठग की लोकेशन तक पहुंचती, वह मौके से फरार हो गया। जांच में साइबर ठगी का बड़ा जाल सामने आया। बताते चलें कि जामताड़ा देशभर में फ्रॉड का केंद्र है। यहां से चीन तक साइबर ठगों का नेटवर्क फैला है। तकनीकी सर्विलांस से सुराग मिले हैं। भिंड पुलिस अब कोलकाता और जामताड़ा में छापेमारी करेगी।

कभी भी शेयर नहीं करें ओटीपी
टीआई ने कहा, ठग पुलिस को हल्का समझता था, लेकिन ट्रैप में फंस गया। साइबर अपराधी हाईटेक तरीके अपनाते, लेकिन सतर्कता से पकड़े जा सकते। आमजन को OTP कभी न शेयर करने की चेतावनी।




































