INDORE NEWS. इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा ने कलेक्टरेट कार्यालय में दलालों की मौजूदगी को लेकर खासा सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अगर उनके कार्यालय के किसी भी कमरे में दलाल पाए गए तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही, दलालों की पहचान कर उन्हें तुरंत हटाने के लिए अभियान चलाया जाएगा।

शिकायतें और चेतावनी
कलेक्टर शिवम वर्मा ने कहा कि तहसीलदार कार्यालय, एसडीएम कार्यालय, खनिज विभाग, कॉलोनी सेल जैसे अहम विभागों में दलालों की शिकायतें लगातार आ रही हैं। उन्होंने अधिकारियों को साफ निर्देश दिया है कि आम लोगों के काम दलालों के जाल में फंसकर नहीं बल्कि सीधे और ऑनलाइन तरीके से हों।

जीरो टॉलरेंस नीति पर जोर
कलेक्टर ने कहा कि वे पूरी तरह इस बात से परिचित हैं कि कौन सा दलाल किसके कमरे में आता-जाता है। उन्होंने जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने का ऐलान किया है। एसडीओ को निर्देश दिए गए हैं कि वे आरआई और पटवारी जैसे कर्मचारियों पर कड़ी नजर रखें ताकि दलाली की कोई गुंजाइश न रहे।

काम ऑनलाइन करें, समय सीमा में पूरा होगा
कार्यकलेक्टर शिवम वर्मा ने आम जनता से अपील की है कि वे अपने सभी सरकारी काम ऑनलाइन आवेदन के माध्यम से करें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि ऑनलाइन प्रक्रिया के जरिए आने वाले सभी आवेदन निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरे किए जाएंगे। डायवर्जन, सीमांकन और कॉलोनी सेल से जुड़े काम भी अब ऑनलाइन किए जाने लगेंगे, जिससे पारदर्शिता और सुविधा दोनों बढ़ेंगी।

प्रशासन की पहल से आम जनता को मिलेगा लाभ
कलेक्टर के इस कदम से उम्मीद है कि दलालखोरी पर रोक लगेगी और आम जनों को अपने जरूरी सरकारी काम में सुविधा मिलेगी। प्रशासन की इस पहल से भ्रष्टाचार में कमी और कामकाज में तेजी आएगी जिससे जनता का भरोसा बढ़ेगा।



































