MALDIVES NEWS. मालदीव की एक मंत्री ने बीते दिनों भारत के खिलाफ खूब जहर उगला है। मालदीव में संसदीय चुनाव होने से उससे पहले वहां के मंत्री का इस तरह से भारत के खिलाफ जहर उगलने का सिलसिला जारी है। मरियम शिउना ने पहले भी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ बातें की थी, लेकिन इस बार तो हद ही हो गई। उसने भारत के तिरंगे का अपमान किया है। मजे की बात ये हैं कि मंत्री ने इतना जहर उगला और फिर अब माफी भी मांग रही है।

बता दें, मालदीव की मंत्री मरियम शिउना ने पहले प्रधानमंत्री के खिलाफ जहर उगला था और अब भारत के ध्वज तिरंगे के खिलाफ मुंह खोला है। जब उन्होंने पहले प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ बातें कहीं थी उस समय उन्हें सस्पेंड कर दिया गया था, लेकिन सस्पेंड होने के बाद भी इस तरह की बात सामने आने से साफ जाहिर हो रहा है कि उन पर सस्पेंशन को कोई डर या भय नहीं है। उन्हें तो बस भारत के खिलाफ ही बोलना है।

सहायता लेने के बाद भी उगला जहर
तिरंगे के अपमान की घटना उस समय की है। जब भारत ने मालदीव की सहायता की थी। मालदीव को आवश्यक सामग्री पहुंचाया था। सहायता करने के लिए मालदीव के विदेश मंत्री ने भारत का आभार भी जताया था।

इतना ही नहीं भारत के इस सहयोग के बाद मालदीव ने भारत को खास लिस्ट में भी रखा है। जिससे वो सामान खरीद सकता है। इन सब के बाद भी इस तरह से किसी मंत्री का भारत के खिलाफ बयान आना साफ तौर पर भारत के प्रति उनके मन कितना मैल है।

पोस्ट डिलीट कर मांगी माफी
मालदीव में संसदीय चुनाव होने है विपक्ष के नेताओं द्वारा चुनाव अभियान चलाया जा रहा है। उन्ही नेताओं को निशाना बनाते हुए मरियम शिउना ने पोस्ट डाला था जिसे बाद में डिलिट कर दिया और अब माफी मांगी है।

इस तरह से किसी मंत्री का भारत के विरोध में बोलना और बार-बार जहर उगलना मालदीव सरकार के उस मंत्री के सहयोग को प्रदर्शित कर रहा है। माना जा रहा है कि ऐसे पोस्ट करने पर मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू के ऐसे लोगों के सपोर्ट की आशंका भी जताई जा रही है।
किसी की भावना को नहीं करना चाहती आहत
मंत्री मरियम शिउना ने माफी मांगने के दौरान सोशल मीडिया पोस्ट पर लिखा कि मैं किसी की भावनाओं को आहत नहीं करना चाहती हूं। मैं माफी मांगती हूं यदि किसी की भावना मेरे पोस्ट से आहत हुई हो तो।

उन्होंने कहा कि मैंने जो प्रतिक्रिया विपक्षी पार्टी एमडीपी को लेकर दी है उसमें भारतीय ध्वज से मिलती हुई तस्वरी है। मैं बताना चाहती हूं कि यह मैंने अनजाने में की है और इसके लिए मैं खेद प्रकट करती हूं।




































