TIRANDAJ DESK. शराब आज के समय दुनियाभर में सबसे ज्यादा पसंद किए जाने वाले पेय पदार्थ में से एक है। भारत समेत दुनियाभर में इसके बहुत अधिक चाहने वाले हैं। लेकिन भारत में शराब पीने का तरीका विदेशों से काफी अलग है। कुछ लोगों ने तो इसे एक परंपरा का नाम तक दे दिया है। विदेशों में लोग शराब में पानी नहीं मिलते हैं। बल्कि ज्यादातर लोग बिना कुछ मिलाए ही पीना पसंद करते हैं। लेकिन भारत में बिना पानी पिलाए शराब पीने वाले काफी काम देखने को मिलते हैं। आज हम आपको बताएंगे कि भारत में लोग आखिर शराब में पानी क्यों मिलते हैं।

बढ़ता है स्वाद
स्वीडिश वैज्ञानिकों की एक शोध के अनुसार स्कॉच में पानी मिलाने से उसके स्वाद में बढ़ौतरी होती हैं, साथ ही उसका फ्लेवर भी बढ़ जाता है। इसलिए भी बहुत से लोग पानी मिलकर स्कॉच पीना पसंद करते हैं। हालांकि इसमें लोगों की व्यक्तिगत पसंद भी मायने रखती है।
खुशबू होती है अच्छी
स्कॉच में पानी मिलाने से व्हिस्की के फ्लेवर कम्पाउंडस बूस्ट हो जाते हैं, और वही कंपाउंडस पैग के सरफेस में आकर जमा हो जाते हैं। इस वजह से शराब का फ्लेवर बढ़ने के साथ-साथ इसकी खुशबू भी अच्छी हो जाती है।

जीभ और नाक का सेंसैशन होता है कम
शराब में पानी मिलाकर पीने से जीभ और नाक का सेंसैशन कम हो जाता है। इसके चलते शराब की कड़वाहट का पता कम चलता है, और उसका टेस्ट भी बढ़ जाता है, एवं खुशबू भी बढ़िया तरीके से मास्किंग होती है।

पानी मिलाने की निश्चित मात्रा
इन सभी शोधों में पानी मिलाने की कोई निश्चित मात्रा नहीं बताई गई है। ऐसे में ज्यादा पानी मिलाकर स्वाद बढ़ाने की जगह उसका टेस्ट बर्बाद न करने में ही समझदारी है।


































