TIRANDAJ DESK. आज के समय मे शायद ही कोई ऐसा होगा जिसके पास स्मार्टफोन्स ना हो, और कई यूज़र तो ऐसे भी होते है जो बहुत जल्दी ही अपने फ़ोन्स बदलने में और लेटेस्ट स्मार्टफोन्स लेने के शौकीन होते हैं। इस वजह से कई बार नकली समार्टफोन्स (Fake Smartphones) के झांसे में वे आ जाते हैं। क्यूंकि यह स्मार्टफोन्स दिखने में तो एकदम ब्रांडेड और ओरिजिनल लगते हैं, लेकिन होते नकली हैं। इन्हीं झांसे से लोगों को बचाने के लिए सरकार ने नए नियम जारी किए हैं। इन नियमों की वजह से अब चोरी हुए फ़ोन को भी और आसानी से ब्लॉक किया जा सकेगा।

नकली स्मार्टफोन्स के झांसे में ऐसे फंसते थे लोग
मिली जानकारी के अनुसार भारत में कई ऐसे स्मार्टफोन्स हैं, जो फेक IMEI नंबर्स या डुप्लीकेट IMEI नंबर्स के साथ मार्किट में उतरे जाते हैं। ऐसे में लोगों को इसके चलते आगे आने वाली परेशानियों से बचाने के लिए सरकार ने नए नियम जारी किए हैं। इसमें सरकार ने कहा है कि 01 जनवरी 2023 से समस्त स्मार्टफोन निर्माता कंपनियों को भारत में बनें अपने प्रत्येक स्मार्टफोन के IMEI नंबर को Indian Counterfeited Device Restriction Portal (https://icdr.ceir.gov.in) के साथ रजिस्टर करना अनिवार्य होगा। और यह कार्य फ़ोन ग्राहकों को बेचने से पहले ही करना होगा।

ऐसे होगा फायदा
इस नियम की वजह से जब सभी स्मार्टफोन के IMEI नंबर को Indian Counterfeited Device Restriction Portal (https://icdr.ceir.gov.in) के साथ रजिस्टर कर दिया जाएगा। तब आसानी से सभी स्मार्टफोन्स को डिजिटली ट्रैक किया जा सकेगा। साथ ही चोरी हुए फ़ोन को भी तत्काल ब्लॉक किया जा सकेगा। एवं स्मार्टफोन असली या नकली IMEI नंबर के जरिए मिनटों में पता किया जा सकेगा। इस नियम की वजह से बाजारों में स्मार्टफोन की ब्लैक मार्केटिंग बहुत हद तक काम हो जाएगी।






































