RAIPUR NEWS. भारतीय किसान संघ ने आज राजधानी में बड़ा प्रदर्शन किया। इस दौरान भारतीय किसान संघ ने 3286 रूपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी, बिजली बिल हाफ योजना की फिर से बहाली और राजीव गांधी किसान न्याय योजना के अंतिम किस्त के भुगतान जैसी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया।

प्रदेशभर और खासकर कवर्धा जिले से हजारों से की संख्या में ये किसान रायपुर के बूढ़ातालाब पुराने धरना स्थल पर इकट्ठा हुए और यहां से सीएम हाउस घेराव करने निकले, हालांकि सप्रे शाला स्कूल के सामने पुलिस की तगड़ी बैरिकेटिंग और भारी पुलिस बल की तैनाती ने उन्हें रोक दिया। इसके बाद वो सड़क पर बैठकर ही प्रदर्शन करने लगे। काफी देर तक उनका धरना प्रदर्शन चलता है।

सीएम हाउस का घेराव पर निकलने से पहले प्रदेश के शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव उनके बीच पहुंचकर उन्हें मनाने की कोशिश भी की और उनकी कुछ मांगों को पूरा करने का आश्वासन भी दिया, लेकिन आंदोलनकारी किसान मुख्य मांगों पर किसी तरह का आश्वासन नहीं मिलने से संतुष्ट नहीं थे।

छत्तीसगढ़ भारतीय किसान संघ की 9 सूत्रीय मांग
-घरेलू बिजली पर हाफ बिजली बिल योजना लागू की जाए और कृषि पंपों को 24 घंटे बिजली दी जाए।
-पिछले सरकार की धान बोनस की चौथी किश्त की राशि दीपावली के पहले भुगतान किया जाए।
-एग्रीस्टैक की विसंगतियों को दूर किया जाए, धान की राशि 3100 रुपए में बढ़ा हुआ समर्थन मूल्य 186 रुपए जोड़ कर दिया जाए और धान खरीदी 1 नवंबर से 15 फरवरी तक की जाए।

-धान खरीदी में किसानों से 40 किलो 700 ग्राम धान से अधिक नहीं लिया जाना चाहिए। सभी समितियों में यह अनिवार्य रूप से बैनर के माध्यम से प्रदर्शित किया जाए।
-खाद की कालाबाजारी बंद हो इसके लिए सहकारी समितियों में भंडारण सुनिश्चित किया जाए।
-प्रदेश में सिंचाई का रकबा बढ़ाया जाए. नहरों के माध्यम से अपनी अंतिम गांव तक पानी पहुंचे।
-दलहन तिलहन की खेती पर 20 हजार रुपए का अनुदान दिया जाए। रवि में दलहन तिलहन और मक्का सूरजमुखी की खरीदी की जाए।

-कृषक उन्नति योजना में गन्ना फसल को जोड़ा जाए और गन्ने का समर्थन मूल्य 500 रुपए प्रति क्विंटल किया जाए। गन्ना किसानों की बची हुई राशि का शीघ्र भुगतान किया जाए।
-जैविक खेती में जो अनुदान भारत सरकार देती है उसे छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा किसानों को जल्द प्रदान किया जाए।




































