MANENDRAGARH. कहीं आप भी नारी को अबला मानने वाले और हाय नारी तेरी यही कहानी से भावविभोर होने वाले हैं तो ये खबर आपकी धारणा को बदलने के लिए है। जी हां, जिस पति ने लगातार प्रताड़ित किया, पत्नी को कहीं का नहीं छोड़ा और मामला तलाक तक पहुंच गया, अब जब उसकी पत्नी शेरनी बनी तो उसे दुबकने तक को जगह नहीं मिली। जी हां, मामला मनेंद्रगढ़ का है, जहां भरण-पोषण को लेकर परिवार न्यायालय में पेशी पर आए पति-पत्नी के बीच कोर्ट परिसर में ही झगड़ा हो गया। फिर क्या था, पत्नी ने न सिर्फ पति का कॉलर पकड़ा बल्कि जमीन पर गिराकर घसीटत तक दी। इसके बाद दोनों एक-दूसरे के खिलाफ केस दर्ज कराने के लिए थाने भी पहुंच गए।

मामला मनेंद्रगढ़—सोनहत—भरतपुर जिले का है। यहां कि टीना दफाई छोटी बाजार निवासी शशि का विवाह सक्ती जिले के नंदेली गांव निवासी सोहन धिरहे के साथ वर्ष 2014 में हुआ है। शादी के बाद से ही उनके बीच सबकुछ ठीक नहीं था। जैसे—तैसे कर दो साल तक ही साथ रहे और उनकी एक बेटी भी हुई। इसके बाद दूरियां बढ़ने लगी और वे अलग रहने लगे। पिछले छह साल से दोनों पति-पत्नी अलग रह रहे हैं। शशि ने परिवार न्यायालय मनेंद्रगढ़ में भरण-पोषण के लिए परिवाद पेश किया है। लेकिन, उसका पति भरण—पोषण नहीं दे रहा है। इस पर पति सोहन सोमवार को पहली बार कोर्ट से मिले नोटिस पर परिवार न्यायालय मनेंद्रगढ़ में पेश हुआ था।

कोर्ट की ओर से दोनों को मध्यस्थता के लिए भेजा गया। न्यायालय परिसर में चर्चा के दौरान ही पति-पत्नी में भरण-पोषण की राशि को लेकर विवाद हो गया। पत्नी ने कहा कि उसे व उसकी बेटी दोनों के लिए जीवन गुजारा करने में दिक्कतें पेश आ रही हैं। इसके बाद भी ध्यान नहीं देने की बात कहते हुए पति से विवाद किया। इस पर पति सोहन ने विरोध किया। फिर क्या था, पत्नी शशि ने सीधे अपने पति सोहन का कॉलर पकड़ा और सीधे जमीन पर घसीट दिया। वह कुछ समझ पाता इससे पहले ही जमीन पर धड़ाम से गिरा और घसीटाता रहा।

वहीं मौके पर उपस्थित वकील और दूसरे पक्षकार भी मूकदर्शक बने रहे, जबकि शशि अपना भड़ास निकालती रही। इसके बाद स्थानीय पुलिस थाने में पत्नी के खिलाफ लिखित रिपोर्ट दर्ज करा दी। जबकि उसकी पत्नी ने भी भरण-पोषण की राशि नहीं दिए जाने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने दोनों पति-पत्नी का बयान लेने के बाद उन्हें फिर से कोर्ट जाने की सलाह दी है।






































