KORBA. जिस पिता ने बचपन से जवानी तक बेटे को सहारा दिया, जो उम्मीद पाल रखा था कि बेटा उसके बुढ़ापे का सहारा बनेगा, उसी बेटे ने लाठी से पीट-पीटकर जान ले ली। इतना ही नहीं, लाश को ठिकाने लगाने के लिए बाड़ी के सूखे कुएं में फेंक दिया। घटना कोरबा जिले के रजगामार चौकी क्षेत्र की है। पुलिस ने आरोपी को सोमवार की देर रात गिरफ्तार कर लिया। मंगलवार को उसे कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है।

मामला कोरबा जिले के रजगामार पुलिस चौकी क्षेत्र के ग्राम कोई का है। बताया जा रहा है कि आरोपी संजय राठिया अपने पिता बहादुर सिंह राठिया से आए दिन विवाद करता था। दरअसल, वह चाहता था कि उसके पिता खेत को उसके नाम कर दे। इसी बात को लेकर सोमवार को भी उसने विवाद किया। फिर गुस्से में आकर लाठी से पीट— पीटकर अपने पिता की जान ले ली।

जब उसे लगा कि उसके पिता की मौत हो गई है तो वह दहशत में आ गया और पकड़े जाने के डर से उसकी लाश को ठिकाने लगाने की सोची। उसे बाड़ी में ले गया और वहां मौजूद एक सूखे कुएं में फेंक दी। बाद में लोगों को इस बात की जानकारी हो गई तो उन्होंने पुलिस को इसकी सूचना दे दी। शाम को पहुंची पुलिस घर व गांव के लोगों से पूछताछ की तो मृतक के बेटे संजय द्वारा ही विवाद करने की जानकारी दी। इस बीच संजय मौके से गायब हो गया था। लिहाजा पुलिस ने उसकी तलाश शुरू कर दी और देर रात उसे गांव से ही पकड़ लिया गया। उससे पूछताछ में उसने घटना का कारण बताया। मंगलवार की सुबह विधिवत गिरफ्तारी कर उसे कोर्ट में पेश किया गया।

जानलेवा हमले के मामले में जा चुका है जेल
संजय ने जहां अभी अपने पिता की हत्या की है, तो वहीं इससे पहले भी उसने गांव के एक व्यक्ति पर जानलेवा हमला किया था। गैंती के वार से वह बुरी तरह घायल हो गया था। उसकी रिपोर्ट पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। दो साल तक जेल की सजा काटने के बाद वह घर आया था। अब फिर उसे अपने पिता की हत्या के मामले में जेल भेजा गया है।






































