अवैध धान मामले में मंत्री के लिए कह दिया अपशब्द, अधिकारी सस्पेंड

शिकायत के बाद कलेक्टर ने मनीष चितले को पद से पहले ही हटा दिया था। चितले को निलंबित किए जाने पर तत्कालीन व्यवस्था की दृष्टि से आगामी सहायक खाद्य अधिकारी कीर्ति कौशिक को जिम्मेदारी सौंपी गई है।

 

दंतेवाड़ा। अवैध धान की जांच में पहुंची टीम के साथ विधायक प्रतिनिधि के साथ बहस करना एक अधिकारी को भारी पड़ गया। मामले में खाद्य मंत्री को लपेटते हुए उनके लिए भी अधिकारी ने अपशब्द कह दिए। अपने कर्तव्य के प्रति लापरवाही को देखते हुए कलक्ट ने सहायक खाद्य अधिकारी को सस्पेंड कर दिया।

जानकारी अनुसार बुधवार को कुआकोंडा इलाके में अवैध धान रखे जाने की शिकायत के बाद मामले में विभाग की टीम दबिश देने पहुंची थी। इस बीच विधायक प्रतिनिधि शिवशंकर चौहान और सहायक खाद्य अधिकारी मनीष के बीच बहस हो गई। विधायक प्रतिनिधि ने आरोप लगाए थे कि उन्होंने मंत्री अमरजीत भगत के लिए अपशब्दों का इस्तेमाल किया है। इसकी शिकायत कलेक्टर दीपक सोनी से भी की गई थी। गुरुवार को कांग्रेस का एक दल कलेक्टर के पास शिकायत लेकर भी पहुंचा था।

सहायक खाद्य अधिकारी कीर्ति कौशिक को जिम्मेदारी
मामले में कलेक्टर दीपक सोनी ने मनीष चितले के खिलाफ शुक्रवार को कार्रवाई की है। शिकायत के बाद कलेक्टर ने उन्हें पद से पहले ही हटा दिया था। चितले को निलंबित किए जाने पर तत्कालीन व्यवस्था की दृष्टि से आगामी सहायक खाद्य अधिकारी कीर्ति कौशिक को जिम्मेदारी सौंपी गई है। निलंबन अवधि में मनीष चितले का मुख्यालय एसडीएम कार्यालय दंतेवाड़ा तय किया गया है।

भाजपा नेता ने की टिप्पणी
कलेक्टर ने बताया कि सहायक खाद्य अधिकारी मनीष चितले को प्रशासनिक कार्यों में दोषी पाए जाने के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया हैै। बता दें कि वरिष्ठ भाजपा नेता रामबाबू सिंह गौतम ने कहा कि सरकार के अधिकारी बेलगाम हो चुके हैं जो अपने ही मंत्रियों को जूते से मारने की बात कह रहे हैं, तो आम जनता के साथ यह कैसा व्यवहार करते होंगे। इनकी टिप्पणी से ही जाहिर होता है कि कांग्रेस सरकार में अधिकारी बेलगाम हो चुके हैं।

(TNS)